
Uma Bharti
इंदौर जिले के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पीने के पानी के कारण हुई मौत के मामले में सरकारी रवैये के खिलाफ आवाज उठ रही है, विपक्ष भाजपा सरकार से सवाल कर रही है तो वहीँ भाजपा के वरिष्ठ नेता भी घटना पर दुःख जता रहे हिना उर अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं, पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने घटना को लेकर X पर नाराजी जताई है, उन्होंने लिखा- जिंदगी की कीमत दो लाख रुपए नहीं होती क्योंकि उनके परिजन जीवन भर दुःख में डूबे रहते हैं।
इंदौर की घटना ने साल 2025 जाते जाते देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर पर सवाल खड़े कर दिए, दूषित पानी से हुई मौत सरकारी व्यवस्था की पोल खोल रही है साथ ही सरकारी अफसरों की असंवेदनशीलता पर भी सवाल पूछ रही है, मध्य प्रदेश कांग्रेस इस घटना को लेकर भाजपा सरकार पर हमलावर है प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार सहित अन्य बड़े नेताओं ने इसके लिए सरकार को कठघरे में खडा किया है।
इस बीच पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा की फायर ब्रांड नेत्री उमा भारती ने X पर अपनी प्रतिक्रिया दी है और घटना पर दुख एवं नाराजी जताई है, उमा भारती ने लिखा- साल 2025 के अंत में इंदौर में गंदे पानी पीने से हुई मौतें हमारे प्रदेश, हमारी सरकार और हमारी पूरी व्यवस्था को शर्मिंदा और कलंकित कर गईं। प्रदेश के सबसे स्वच्छ शहर का अवार्ड प्राप्त करने वाले नगर में इतनी बदसूरती, गंदगी, जहर मिला पानी जो कितनी जिंदगियों को निगल गया और निगलता जा रहा है, मौत का आंकड़ा बढ़ रहा है।
जो भी अपराधी हैं उन्हें अधिकतम दंड देना होगा
उमा भारती ने कहा, जिंदगी की कीमत दो लाख रुपए नहीं होती क्योंकि उनके परिजन जीवन भर दुःख में डूबे रहते हैं। इस पाप का घोर प्रायश्चित करना होगा, पीड़ितजनों से माफी मांगनी होगी और नीचे से लेकर ऊपर तक जो भी अपराधी हैं उन्हें अधिकतम दंड देना होगा। यह मोहन यादव जी की परीक्षा की घड़ी है।
ऐसे पापों का कोई स्पष्टीकरण नहीं होता या तो प्रायश्चित या दंड
उमा भारती ने आगे लिखा- इंदौर दूषित पानी के मामले में यह कौन कह रहा है कि हमारी चली नहीं जब आपकी नहीं चली तो आप पद पर बैठे हुए बिसलेरी का पानी क्यों पीते रहे? पद छोड़कर जनता के बीच क्यों नहीं पहुंचे? ऐसे पापों का कोई स्पष्टीकरण नहीं होता या तो प्रायश्चित या दंड।
1. साल 2025 के अंत में इंदौर में गंदे पानी पीने से हुई मौतें हमारा प्रदेश, हमारी सरकार और हमारी पूरी व्यवस्था को शर्मिंदा और कलंकित कर गईं।
2. प्रदेश के सबसे स्वच्छ शहर का अवार्ड प्राप्त करने वाले नगर में इतनी बदसूरती, गंदगी, जहर मिला पानी जो कितनी जिंदगियों को निगल गया और…— Uma Bharti (@umasribharti) January 2, 2026
1. इंदौर दूषित पानी के मामले में यह कौन कह रहा है कि हमारी चली नहीं।
2. जब आपकी नहीं चली तो आप पद पर बैठे हुए बिसलेरी का पानी क्यों पीते रहे? पद छोड़कर जनता के बीच क्यों नहीं पहुंचे?
3. ऐसे पापों का कोई स्पष्टीकरण नहीं होता या तो प्रायश्चित या दंड!— Uma Bharti (@umasribharti) January 2, 2026
1. सिर्फ इंदौर के मेयर नहीं, मध्य प्रदेश का शासन एवं प्रशासन, इस महापाप के सभी जिम्मेवार लोग जनता के प्रति अपराध के कटघरे में खड़े हैं।
2. मेरी 'X' पर प्रतिक्रिया के बाद मीडिया के पत्रकार भाई बहनों से नहीं मिल पाने के लिए क्षमा मांगती हूं, अभी 3 दिन पहले मेरी दाईं आंख की सर्जरी…
— Uma Bharti (@umasribharti) January 2, 2026
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

