इस प्राइवेट बैंक ने बदले करंट अकाउंट से जुड़े नियम, 1 जून से होंगे लागू, जानें डिटेल 

HDFC बैंक ने करंट अकाउंट के लिए कैश डिपॉजिट शुल्क में बदलाव का ऐलान किया है। नए नियम जून 2026 की शुरुआत से ही लागू हो जाएंगे। खाताधारकों को इसकी जानकारी होनी चाहिए।
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एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) के खाताधारकों के लिए बड़ी अपडेट सामने आई है। प्राइवेट सेक्टर के सबसे बड़े बैंक ने करंट अकाउंट के लिए छोटे नोट और सिक्कों के कैश डिपॉजिट से जुड़े नियमों (Current Account Rules) में बदलाव करने का फैसला लिया है। जिसका सीधा असर अकाउंट होल्डर्स पर पड़ेगा। बैंक कि आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक छोटे नोटों और सिक्कों के जमा पर अब हर महीने एक फ्री लिमिट तय होगी।

पहले छोटे मूल्य के नोट (20 रुपये या इससे कम के नोटों और सिक्कों) के जमा पर कोई निश्चित सीमा नहीं थी। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। अब फ्री लिमिट तय होगी। इससे अधिक कैश डिपॉजिट करने पर ही शुल्क भुगतान करना होगा। हालांकि यह करंट अकाउंट के प्रकार पर निर्भर करेगा। नए नियम 1 जून 2026 से लागू होंगे।

नोटों और सिक्कों के लिए क्या होगी सीमा?

नए नियमों के तहत छोटे मूल्यों के लिए नोट में कैश डिपॉजिट की सीमा 10,000 रुपये प्रतिमाह तय की गई है। लिमिट से अधिक जमा करने पर 2% शुल्क लगाया जाएगा। वहीं सिक्कों में कैश डिपॉजिट की लिमिट अब 5,000 रुपये तय की गई है। लिमिट से अधिक डिपॉजिट करने पर 2% चार्ज देय होगा।

यह बदलाव Biz लाइट+ करंट अकाउंट, एसेंट एसेंट करंट अकाउंट, मैक्स एडवांटेज करंट अकाउंट, प्लस करंट अकाउंट, प्रीमियम करंट अकाउंट, रेगुलर करंट अकाउंट, एग्री करंट अकाउंट, करंट अकाउंट फॉर प्रोफेशनल्स, ई-कॉमर्स करंट अकाउंट, ट्रेड करंट अकाउंट, फ्लेक्सी करंट अकाउंट,अल्टिमा करंट अकाउंट और सुप्रीम करंट अकाउंट समेत विभिन्न खातों के लिए लागू होंगे। जिसकी लिस्ट भी बैंक ने जारी कर दी है।

वर्तमान में क्या हैं नियम?

वर्तमान में एचडीएफसी बैंक के किसी भी ब्रांच में छोटे मूल्य के कैश डिपॉजिट पर कोई भी सीमा नहीं है। हालांकि नोट में कैश डिपॉजिट करने पर 4% शुल्क लगाया जाता है। सिक्कों में जमा के लिए भी कोई फ्री लिमिट नहीं है, लेकिन 5% का भुगतान खाताधारकों को करना पड़ता है।

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Manisha Kumari Pandey
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