फिर दिखा RBI का एक्शन: इस बैंक पर लगा प्रतिबंध, खाताधारकों पर भी पड़ेगा असर 

आरबीआई ने नवंबर में एक और बैंक के खिलाफ सख्ती दिखाई है। बैंकिंग व्यवसाय पर प्रतिबंध लगाया। जिसके कारण ग्राहकों को भी परेशानी होगी। लिमिट में कैश विथ्ड्रॉल की अनुमति होगी। 
rbi action

रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया (RBI) ने पुसद अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के खिलाफ सख्त कदम उठाया है। बैंकिंग विनियमन अधिनियम 1949 की धारा 53ए के तहत प्रदान किए शक्तियों का इस्तेमाल करते बैंक को 7 नवंबर से बिजनेस बंद करने का आदेश जारी किया गया है। अब बैंक को आरबीआई की पूर्व अनुमति के बिना कोई भी लोन और एडवांस राशि स्वीकृत या नवीनीकृत करने की अनुमति नहीं होगी। न ही कोई निवेश करने, उधार लेने और कई जमा राशि स्वीकार करने सहित कोई भी देयता की अनुमति दी गई है। परिसंपत्तियों को बेचने और स्थानांतरित या निपटान करने से भी रोका गया है।

आरबीआई ने कदम बैंक के वर्तमान तरलता स्थिति को देखते हुए उठाया है। केंद्रीय बैंक ने हाल ही में बैंक के कामकाज में सुधार के लिए बोर्ड और वरिष्ठ प्रबंधन के साथ बातचीत की थी। बैंक द्वारा तरलता की समस्या के समाधान और बैंक जमाकर्ताओं की हितों की रक्षा के लिए यह निर्देश जरूरी था।

ग्राहकों पर कया असर पड़ेगा?

आरबीआई के इस एक्शन का प्रभाव ग्राहकों पर भी पड़ेगा। उन्हें बचत बैंक या चालू खाते या किसी अन्य खाते में रखी गई कल शेष राशि में से अधिकतम 5000 रुपये तक की निकासी की अनुमति दी गई है। हालांकि आरबीआई निर्देशों में उल्लेखित शर्तों के अधीन जमा राशियों पर लोन समायोजित की अनुमति भी है। बैंक कर्मचारियों की वेतन, किराया, बिजली बिल आदि पर व्यय कर सकता है।

पात्र जमाकर्ता जमा बिना एवं ऋण गारंटी निगम (डीआईसीजीसी) से 5 लाख रुपये तक की मौद्रिक सीमा तक अपनी जमा राशि पर जमा बीमा दावा राशि प्राप्त करने का हकदार होगा। जानकारी के लिए ग्राहक आधिकारिक वेबसाइट  http://www.dicgc.org.in को विकसित कर सकते हैं।

6 महीने तक निर्देश लागू होगा 

आरबीआई ने स्पष्ट किया है कि बैंक पर केवल प्रतिबंध लगाया गया है, इसका लाइसेंस रद्द नहीं हुआ है। यह आदेश 6 महीने तक प्रभावी रहेगा। बैंक के स्थिति की केंद्रीय बैंक नियमित तौर पर करता रहेगा।  ग्राहकों के हितों की सुरक्षा के लिए यदि जरूरत पड़ने पर निर्देशों में बदलाव भी कर सकता है। वित्तीय स्थिति में सुधार होने बैन हटाया या बढ़ाया जा सकता है। बैंक को निर्देश की कॉपी ऑफिशियल वेबसाइट या परिसर में प्रदर्शित करने को भी कहा गया है।

Manisha Kumari Pandey
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