पिछले कारोबारी सत्र में आई तेज गिरावट के बाद, आज बुधवार को भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) में कुछ हद तक राहत देखने को मिली है। दरअसल घरेलू बाजार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही प्रमुख इंडेक्स (Index) हल्की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं जिससे निवेशकों के चेहरों पर थोड़ी मुस्कान लौटती दिख रही है। खासकर, मेटल (Metal) सेक्टर के शेयरों में जोरदार खरीदारी देखने को मिल रही है, जो बाजार को ऊपर खींचने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
दरअसल आज 27 मई को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स (Sensex) शुरुआती कारोबार में 50 अंकों (0.06 प्रतिशत) की मामूली तेजी के साथ 76,050 के स्तर पर पहुंच गया है। यह आंकड़ा कल की भारी गिरावट के बाद एक सकारात्मक संकेत दे रहा है। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का बेंचमार्क निफ्टी (Nifty) भी इस दौड़ में पीछे नहीं है; यह 20 अंकों (0.09 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 23,930 के स्तर पर कारोबार करता हुआ देखा जा रहा है।
मेटल सेक्टर में सबसे ज्यादा खरीदारी
आज के कारोबारी सत्र में, निवेशकों की सबसे अधिक दिलचस्पी मेटल शेयरों में दिखाई दे रही है। मेटल सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी का रुझान बना हुआ है, जिससे इस सेक्टर के इंडेक्स में अच्छी खासी उछाल दर्ज की गई है। यह दर्शाता है कि बाजार के खिलाड़ी कुछ खास सेक्टरों में भरोसा दिखा रहे हैं, भले ही समग्र बाजार में बड़ी तेजी का अभाव हो।
एशियाई शेयर बाजारों में मिला जुला कारोबार
वैश्विक बाजारों की बात करें तो, एशियाई शेयर बाजारों में आज मिला जुला कारोबार देखने को मिला है। कहीं तेजी का शोर है तो कहीं मंदी की हल्की आहट। दक्षिण कोरिया का कोस्पी (Kospi) इंडेक्स धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए 377 अंकों यानी 4.79 प्रतिशत की जबरदस्त उछाल के साथ 8433 के स्तर पर पहुंच गया है। वहीं, जापान का निक्केई (Nikkei) भी 821 अंकों (1.26 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 65817 पर कारोबार कर रहा है। इसके विपरीत, हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग (Hang Seng) 188 अंकों (0.78 प्रतिशत) की गिरावट के साथ 25412 के स्तर पर फिसल गया है, जो एशियाई बाजारों में असमानता को दर्शाता है।
अमेरिकी शेयर बाजारों में भी मिला जुला रुख
बीते कारोबारी दिन, अमेरिकी शेयर बाजारों में भी मिला जुला रुख देखने को मिला था। डाउ जोन्स (Dow Jones) इंडेक्स में 118 अंकों (0.23 प्रतिशत) की हल्की गिरावट दर्ज की गई और यह 50462 के स्तर पर बंद हुआ। हालांकि, नैस्डैक (Nasdaq) ने मजबूत वापसी करते हुए 312 अंकों (1.19 प्रतिशत) की जोरदार बढ़त हासिल की और 26656 पर पहुंच गया। S&P 500 इंडेक्स भी 46 अंकों (0.61 प्रतिशत) की तेजी के साथ 7519 के स्तर पर बंद हुआ, जो दर्शाता है कि अमेरिकी बाजार में भी निवेशकों की भावनाएं बंटी हुई थीं।
विदेशी निवेशकों (FII/FPI) की गतिविधियों पर नजर डालें तो, उन्होंने कल भारतीय बाजारों से 2408 करोड़ रुपये के शेयर बेचे थे। यह बिकवाली का सिलसिला बीते सात दिनों में 7,918 करोड़ रुपये और पिछले 30 दिनों में 46,435 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है, जो विदेशी पूंजी के बहिर्वाह की चिंताजनक तस्वीर पेश करता है। वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) बाजार को सहारा दे रहे हैं। उन्होंने कल 1,362 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि बीते सात दिनों में उनकी कुल खरीदारी 13,714 करोड़ रुपये और पिछले 30 दिनों में 69,545 करोड़ रुपये रही है। DIIs की यह लगातार खरीदारी विदेशी बिकवाली के दबाव को कुछ हद तक कम करने में सहायक सिद्ध हो रही है।






