रायपुर: छत्तीसगढ़ में कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों को दी गई धान की अंतर राशि पर सियासत गरमा गई है। कांग्रेस ने इसे ‘किसानों के साथ प्रति एकड़ 3000 रुपए का चूना’ बताकर सरकार को घेरा, तो वहीं प्रदेश के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने जोरदार पलटवार किया है। साव ने कांग्रेस पर किसानों को ठगने का गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जो पार्टी अपने वादे पूरे नहीं करती, उसे इस विषय पर कुछ भी कहने का हक नहीं है।
कांग्रेस को बोलने का नैतिक अधिकार नहीं: साव
डिप्टी सीएम अरुण साव ने कांग्रेस के आरोपों को निराधार बताते हुए तीखा हमला किया। उन्होंने कांग्रेस के शासनकाल की याद दिलाते हुए कहा कि पार्टी ने किसानों को दो साल का बोनस देने का वादा किया था, लेकिन उसे कभी पूरा नहीं किया।
“जिस पार्टी ने अपने कार्यकाल में किसानों से किए वादे पूरे नहीं किए, उसे इस मुद्दे पर बोलने का नैतिक अधिकार नहीं है।”- अरुण साव, उप मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़
साव ने जोर देकर कहा कि इसके ठीक विपरीत, हमारी सरकार ने जो कहा, वह करके दिखाया है। भाजपा सरकार ने कृषक उन्नति योजना के माध्यम से धान खरीदी के बाद अंतर की पूरी राशि एकमुश्त किसानों के बैंक खातों में सफलतापूर्वक जारी कर दी है।
असम में भी संभाला चुनावी मोर्चा
छत्तीसगढ़ की राजनीति के साथ-साथ अरुण साव असम में भी पार्टी के लिए चुनावी जिम्मेदारी निभा रहे हैं। इस पर उन्होंने कहा कि वे पार्टी के निर्देशों का पालन कर रहे हैं। उन्हें असम के लखीमपुर क्षेत्र की संगठनात्मक जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने बताया कि वे वहां स्थानीय कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के साथ मिलकर चुनावी रणनीति पर काम कर रहे हैं और बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत कर रहे हैं। उन्होंने पूरा विश्वास जताया कि भारतीय जनता पार्टी असम में इस बार ऐतिहासिक प्रदर्शन करेगी और शानदार जीत दर्ज करेगी।






