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Lokayukta Action: रोजगार सहायक ले रहा था रिश्वत, लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया

Written by:Atul Saxena
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प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत गरीबों को आवास सरकार द्वारा स्वीकृत होते हैं और फिर उसके लिए राशि स्वीकृत की जाती है, ये पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होती है लेकिन भ्रष्ट सरकारी मुलाजिम रिश्वत लेकर इस योजना को बदनाम कर रहे हैं।
Lokayukta Action: रोजगार सहायक ले रहा था रिश्वत, लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया

lokayukta police action

Lokayukta Action: भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त एक्शन के बावजूद प्रदेश में सरकारी मुलाजिम घूस लेने की आदत को छोड़ नहीं रहे, आज एक बार फिर लोकायुक्त पुलिस ने रिश्वत लेते हुए एक कर्मचारी को रंगे हाथ पकड़ा है, गिरफ्तार कर्मचारी ग्राम रोजगार सहायक है वो 5000/- रुपये की रिश्वत ले रहा था।

लोकायुक्त एसपी कार्यालय इंदौर से मिली जानकारी के मुताबिक धर जिले के बदनावर की ग्राम पंचायत सांगवी में रहने वाले अनिल निनामा नामक ग्रामीण ने एक शिकायती आवेदन दिया था जिसमें रिश्वत मांगे जाने की शिकायत थी।

PM AWAS किस्त की राशि ट्रांसफर करने मांगी रिश्वत  

आवेदक ने शिकायत में कहा कि उसे एवं उसकी माताजी के नाम से प्रधानमंत्री आवास योजना में अलग अलग दो आवास (कुटीर) स्वीकृत हुए थे स्वीकृत आवासों की पहली किस्त 25000 – 25000 रु आवेदक एवं उसकी माताजी को मिलना थी, इस पैसे को खाते में ट्रांसफर करने के रोजगार सहायक मदन लाल डामर ने 15000/- रुपए रिश्वत की मांग की है।

5000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार  

शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने इसलि जाँच की और सत्यापन में आरोपी रोजगार सहायक द्वारा 15000/- रुपये मांगे जाने की पुष्टि हुई। शिकायत सही पाये जाने पर आज 17 अप्रैल को ही ट्रेप दल का गठन किया गया और तय समय पर लोकायुक्त की टीम ने रिश्वत की राशि की पहली क़िस्त 5000/- रुपये लेते रंगे हाथ पकड़ लिया।

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Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
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