चरम पर क्रेशर संचालकों की मनमानी, नियमों को ताक पर रख कर रहे संचालन

चरम पर क्रेशर संचालकों की मनमानी, नियमों को ताक पर रख कर रहे संचालन

डिंडौरी। प्रकाश मिश्रा।
डिंडोरी जिले में नियमो को ताक में रख कर क्रेशरों का संचालन किया जा रहा है जिले में चल रहे अधिकांश क्रेशरो में न तो पर्यावरण प्रदूषण को रोकने का इंतजाम किया गया और न ही श्रम विभाग के नियमो का पालन ही किया जा रहा। अधिकांश क्रेशरों में अवैध उत्खनन कर पत्थरों का भंडारण किया जा रहा है ।

इतना ही नहीं क्रेशर संचालन के लिए निर्धारित भूमि लीज के बाहर जाकर क्रशर संचालक मनमाने तरीके से गौण खनिजों का उत्खनन कर रहे हैं जिससे शासन को राजस्व की राशि का नुकशान हो रहा है ।स्टोन क्रेसरो में नियमो के अनुसार डस्ट रोकने के लिये शेड का निर्माण न करने से दिन भर उड़ने वाले डस्ट से उपजाऊ खेत बंजर हो रहे हैं तो वही मजदूरों से बगैर श्रम विभाग के पंजीयन के महज 150 रु दिन में बिना किसी सुरक्षा उपकरणों के ही काम कराया जा रहा है जिससे गरीब मजदूरों का शोषण के साथ साथ स्वास्थ में भी असर पढ़ रहा है।

सरकार ने भले ही माफिया दमन दल का गठन कर माफियो के खिलाफ कार्यवाही करने के आदेश दिए है लेकिन डिंडोरी में खनिज माफियो को सरकार और प्रशासन के आदेश होने के बाद भी क्रेसर संचालक मनमाने ढंग से क्रेसर चला कर सरकार को लाखों का राजस्व का चूना भी लगा रहे है। मामले में खनिज विभाग जाच कर कार्यवाही करने की बात कह रहा है। अब देखना यह होगा कि नियमो को ताक में रख संचालित करने वाले स्टोन क्रेसरो के खिलाप खनिज विभाग क्या कार्यवाही करता है।

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