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DEO का सख्त आदेश, जितने दिन की ई-अटेंडेंस उतने ही दिन का वेतन, नवंबर की सैलरी पर होगा असर

Reported by:Sandeep Kumar|Edited by:Atul Saxena
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ग्वालियर जिला शिक्षा अधिकारी ने ई अटेंडेंस को लेकर एक फरमान जारी किया है और स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बीईओ से लेकर भृत्य तक पूरे स्टाफ को उनकी जितने दिन की ई अटेंडेंस लगी होगी नवंबर महीने का उनका उतने ही दिन का वेतन दिया जायेगा।
DEO का सख्त आदेश, जितने दिन की ई-अटेंडेंस उतने ही दिन का वेतन, नवंबर की सैलरी पर होगा असर

शिक्षकों द्वारा किये जा रहे ई-अटेंडेंस के विरोध के बीच ग्वालियर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने एक फरमान जारी  किया है, उन्होंने निर्देश दिए हैं कि कर्मचारियों द्वारा हमारे शिक्षक एप पर जितने दिन की ई अटेंडेंस लगाई गई है उनको नवंबर महीने का उतने ही दिन का वेतन दिया जाये। इस आदेश के बाद से जिले में शिक्षकों और अन्य विभागीय कर्मचारियों में नाराजगी है।

हाई कोर्ट में लंबित है ई अटेंडेंस का मामला 

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश के 27 शिक्षकों ने जबलपुर हाई कोर्ट में ई-अटेंडेंस को लेकर जनहित याचिका दायर की है जिसपर लगातार सुनवाई जारी है, शुक्रवार को हुई सुनवाई में याचिकाकर्ताओं शिक्षकों की तरफ से संशोधन आवेदन पेश किया गया, जिसमें बताया गया कि राज्य सरकार का एप सही नहीं है।

1 दिसंबर तय की गई है मामले की अगली सुनवाई  

कोर्ट में दलील दी गई कि इससे ना सिर्फ डेटा चोरी हो रहा है, बल्कि  फ्रॉड जैसी घटना भी शिक्षकों के साथ हुई है। हाई कोर्ट को यह भी बताया गया कि एप डाउनलोड करने के बाद साइबर फ्राॅड भी हुए है। मामले पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं के द्बारा लगाए गए आरोपों को लेकर राज्य सरकार से दो दिन में जवाब मांगा है। अगली सुनवाई अब 1 दिसंबर को तय की गई है।

एप डाउनलोड करने वाले शिक्षकों के साथ हो चुका फ्रॉड  

याचिकाकर्ताओं ने कोर्ट को यह भी बताया कि यह एप डेटा सुरक्षा के लिए बेहतर नहीं है। अभी तक प्रदेश के 5 से 6 शिक्षकों के खातों से रुपए निकाल लिए गए, उनके अकाउंट से पैसा चोरी हो गया, उनकी प्राइवेट जानकारी लीक हो गई, जिसको लेकर शिकायतें भी की गई। कई जिलों के शिक्षा अधिकारियों ने पत्र भी लिखे, जिसके बाद डीपीआई ने स्वंत संज्ञान लिया और माना कि कुछ शिक्षकों के साथ फ्रॉड हुआ है।

DPI ने DEO को सजगता बरतने के दिए हैं निर्देश 

डीपीआई ने जिला शिक्षा अधिकारियों को लिखे पत्र में यह भी कहा है कि इस मामले पर सजगता बरते। इससे पहले मामले पर राज्य सरकार ने जवाब पेश करते हुए कोर्ट को बताया गया कि इससे पहले भी ई-अटेंडेंस की प्रक्रिया को सही ठहराया है, इसके साथ ही सरकार का यह भी कहना है कि डेटा सेफ्टी सर्टिफिकेट प्राप्त कर लिया है। इसके साथ ही डेटा या फिर नेटवर्क कनेक्टिवटी की समस्या नहीं है।

DEO का आदेश जितने दिन की ई अटेंडेंस उतना वेतन 

इस बीच ई अटेंडेंस का मामला हाई कोर्ट में चलने के बावजूद ग्वालियर जिला शिक्षा अधिकारी ने ई अटेंडेंस को लेकर एक फरमान जारी किया है और स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बीईओ से लेकर भृत्य तक पूरे स्टाफ को उनकी जितने दिन की ई अटेंडेंस लगी होगी नवंबर महीने का उनका उतने ही दिन का वेतन दिया जायेगा। यानि नवंबर का जो वेतन मिलेगा वो जितने दिन की अटेंडेंस उतने दिन का वेतन के आधार पर मिलेगा, इस आदेश के बाद से जिले के शिक्षकों में नाराजगी है।

ग्वालियर से अतुल सक्सेना, जबलपुर से संदीप कुमार की रिपोर्ट 

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Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
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