Mon, Jan 5, 2026

इंदौर की घटना के बाद एक्शन में ग्वालियर नगर निगम, गंदे पानी की शिकायत के तत्काल निराकरण के निर्देश

Written by:Atul Saxena
Published:
नगर निगम कमिश्नर ने निर्देश दिए कि पानी की गुणवत्ता की जांच के लिए चारों वाटर ट्रीटमेंट प्लांट पर प्रतिदिन सैम्पलिंग की जाये। इसके साथ ही शहर के विभिन्न स्थानों पर भी रेंडमली पानी के सैम्पल जांच कर प्रतिदिन उसकी रिपोर्ट दी जाए।
इंदौर की घटना के बाद एक्शन में ग्वालियर नगर निगम, गंदे पानी की शिकायत के तत्काल निराकरण के निर्देश

इंदौर में प्रदूषित पानी पीने से हुई मौतों के बाद मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के निर्देश पर पूरे प्रदेश में शुद्ध पेयजल को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है, ग्वालियर नगर निगम कमिश्नर ने भी पेयजल को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं, कमिश्नर संघ प्रिय ने आज  जल प्रदाय एवं सीवरेज व्यवस्था की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर में गंदे पानी की शिकायत कहीं से भी आ रही है तो उसको गंभीरता से लें तथा उसका तत्काल निराकरण करायें एवं सीएम हेल्पलाइन में आने वाली शिकायतों का निराकरण दो दिन में आवश्यक रूप से हो जाना चाहिए। कार्यपालन यंत्री एवं संबंधित अपर आयुक्त नियमित इसकी मॉनिटरिंग करें।

ग्वालियर में बाल भवन सभागार  में आयोजित समीक्षा बैठक में नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय ने शहरी क्षेत्र में सुरक्षित एवं निर्बाध  जलापूर्ति के लिए निगम के सभी अधिकारियों को निर्देश दिए। बैठक में निगमायुक्त संघ प्रिय ने बताया कि शहर के सभी सघन क्षेत्रों में 20 साल से पुरानी पानी की लाइनों का चिन्हांकित करें तथा जल वितरण प्रणाली का सात दिवस में सर्वे करें। उन्होंने कहा कि पुरानी एवं बार-बार लीकेज होने वाली लाइनों को चिन्हित करें उनको बदलने का प्रस्ताव दें।इसके साथ ही जिस क्षेत्र में पानी की लाइन में लीकेज है और दूषित पानी आ रहा है, तो जल प्रदाय तत्काल बंद कर टेंकर एवं अन्य माध्यम से पानी की सप्लाई की जाए तथा तत्काल समस्या का निराकरण कराया जाए।

वाटर ट्रीटमेंट प्लांट पर प्रतिदिन सैम्पलिंग के निर्देश 

उन्होंने कहा कि पानी की गुणवत्ता की जांच के लिए चारों वाटर ट्रीटमेंट प्लांट पर प्रतिदिन सैम्पलिंग की जाये। इसके साथ ही शहर के विभिन्न स्थानों पर भी रेंडमली पानी के सैम्पल जांच कर प्रतिदिन उसकी रिपोर्ट दी जाए। उन्होंने कहा कि सहायक यंत्री दो दिन में यह रिपोर्ट बनाकर दे, जहां दूषित पेयजल के सम्भावित स्थान हैं तथा वहां लाइन बदली हैं, जहां बार-बार लीकेज होता है तथा जहां पानी की लाइन और सीवर लाइन एक साथ डाली गई है। इसके साथ ही समस्याओं के निराकरण की रिपोर्ट भी दें। उन्होंने कहा कि नगर निगम की सभी पानी की टंकियों एवं सम्पवेल की सफाई करायें। अवैध कनेक्शन पर कडी कार्यवाही करें।

AE को एडवाइजरी जारी करने के निर्देश 

निगमायुक्त संघ प्रिय ने सहायक यंत्री शिशिर श्रीवास्तव को निर्देश दिए कि दूषित पानी की समस्या आने पर नागरिकों को क्या करना चाहिए। इस हेतु योजना बनाकर दें तथा एक एडवाइजरी भी जारी करें। इसके साथ ही प्राइवेट कॉलोनी में भी यदि गंदे पानी की समस्या आ रही है, तो उसका भी निराकरण करायें।  इसके साथ ही सभी क्षेत्र अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने क्षेत्र में सीएम हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों की मॉनिटरिंग करें तथा संबंधित अधिकारी से उसका निराकरण करायें।

गंदे पानी की यहाँ करें शिकायत

कार्यपालन यंत्री संजीव गुप्ता ने शहरवासियों से आग्रह किया है कि यदि आपके क्षेत्र में कहीं भी गंदा पानी या दूषित पानी आ रहा है तो तत्काल नगर निगम के मोती महल स्थित कंट्रोल रूम के नंबर 07512646624 एवं सीएम हेल्पलाइन के नंबर 181 पर शिकायत करें, तत्काल समस्या का निराकरण किया जाएगा।