MP के ग्वालियर को बैंगलोर, दिल्ली और अयोध्या के बीच नई हवाई सेवाओं की सौगात, सीएम मोहन यादव बोले- सभी जिलों को एयर एंबुलेंस सुविधा दिलाने के लिए होगी पहल

Gwalior Bangalore, Gwalior Delhi and Ayodhya new air services

Gwalior Bangalore, Gwalior Delhi and Ayodhya new air services : प्रदेश में इस समय मकर संक्रांति पर्व चल रहा है , ऐसे में एमपी के ग्वालियर को आज केंद्र सरकार ने नई हवाई सेवाओं की सौगात दी है, ये सौगात है ग्वालियर से बैंगलोर हवाई सेवा की और ग्वालियर से दिल्ली अयोध्या उड़ान सेवा की, केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने हरी झंडी दिखाकर इसका दिल्ली से शुभारंभ किया , मप्र के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव चित्रकूट से कार्यक्रम में वर्चुअली जुड़े ।

सीएम डॉ यादव ने कहा प्रत्येक जिले से शुरू हो एयर एंबुलेंस सेवा 

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रयास यह है कि प्रत्येक जिले से एयर एंबुलेंस का संचालन हो, जिससे गंभीर रोगियों को अच्छे चिकित्सा संस्थानों में उपचार के लिए हवाई सुविधा का लाभ प्राप्त हो। हवाई सेवाओं से पर्यटन, व्यापार-वाणिज्य की गतिविधियों और अन्य समस्त आर्थिक गतिविधियों में वृद्धि संभव होती है। इस दिशा में केन्द्र सरकार के प्रयासों के साथ राज्य सरकार भी अधिकतम प्रयास करेगी।

केंद्र सरकार के सहयोग के लिए सीएम ने दिया धन्यवाद 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव सतना जिले के चित्रकूट में श्रीराम वनगमन पथ संबंधी बैठक में ग्वालियर से बैंगलोर और ग्वालियर से दिल्ली और अयोध्या के बीच नई हवाई सेवाओं के शुभारंभ कार्यक्रम से वुर्चअली जुड़े। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि नई विमान सेवाओं से ग्वालियर अंचल के साथ ही प्रदेशवासी उत्तर और दक्षिण भारत से एयर कनेक्टिविटी की सुविधा प्राप्त करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हवाई सेवाओं का विस्तार हो रहा है। पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी के ग्वालियर, स्व. माधवराव सिंधिया की भूमि ग्वालियर और वीरांगना रानी लक्ष्मी बाई के कर्म क्षेत्र के निवासियों को मकर संक्रांति पर्व पर नई सौगात प्राप्त हो रही है। ग्वालियर में 500 करोड़ रुपये की लागत से विमानतल के उन्नयन की पहल ऐतिहासिक है। यह कारवां चलता रहेगा। प्रदेश की विभिन्न हवाई पट्टियों के उन्नयन का कार्य भी हो रहा है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय से मध्य प्रदेश को निरंतर सहयोग प्राप्त हो रहा है।

हवाई सेवाओं के शुभारंभ पर पुष्पक विमान को याद किया सीएम यादव ने 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर भारत में प्राचीन काल में पुष्पक विमान के प्रयोग का स्मरण करते हुए भगवान श्रीराम का भी उल्लेख किया, जिन्होंने उत्तर से दक्षिण की यात्रा की। भगवान श्रीकृष्ण ने पूर्व से पश्चिम की यात्रा की। इसमें पूरा देश समाहित हो जाता है। इन महापुरूषों ने भारतीय संस्कृति का परचम लहराया। आज मध्यप्रदेश का ग्वालियर, हवाई मार्ग से अयोध्या से जुड़ा है, यह किसी अलौकिक दृश्य के समान है।

पीएम मोदी के संकल्प और सीएम डॉ. यादव की सकारात्मक सोच का संगम है नई उड़ानें:  सिंधिया

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि त्यौहारों की बेला में नई हवाई सेवाओं को प्रारंभ करने का शुभ कार्य हो रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश के साथ मध्य प्रदेश और ग्वालियर भी बदल रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव भी ग्वालियर के विकास के लिए प्रयासरत हैं। ग्वालियर व्यापार मेले में इस वर्ष की गतिविधियों के अवलोकन के लिए आए थे। आज प्रारंभ हुई ये उड़ानें व्यवसाय-वाणिज्य और पर्यटन में वृद्धि कर अर्थव्यवस्था को नई शक्ति प्रदान करेंगी। भारत की आध्यात्मिक और आर्थिक शक्ति का संगम हो रहा है। इससे हमारा देश विश्व पटल पर उभर कर आएगा। ग्वालियर से नई विमान सेवाओं के प्रारंभ होने से यात्री दक्षिण भारत और आई.टी. की राजधानी तक और केन्द्रीय राजधानी के साथ ही रामलला के दर्शन के लिए अयोध्या तक पहुंच सकेंगे।

केंद्रीय मंत्री  सिंधिया ने कहा कि नई हवाई सेवाएं प्रधानमंत्री मोदी के संकल्प और मुख्यमंत्री डॉ. यादव की सकारात्मक सोच का संगम है। ग्वालियर में विमानतल को आधुनिकतम स्वरूप देने के साथ ही प्राचीन संस्कृति और इतिहास की झलक प्रस्तुत करने का कार्य भी हुआ है। प्रधानमंत्री मोदी अधोसंरचना के विकास पर जोर देते हैं। लगभग सवा वर्ष की अवधि में ग्वालियर विमानतल से जुड़े कार्य सम्पन्न हो रहे हैं। केन्द्रीय मंत्री सिंधिया ने इंदौर से यूएई, शारजाह के लिए हवाई सेवाओं और प्रदेश के विभिन्न स्थानों से एयर कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए किए गए प्रयासों की भी विस्तार से जानकारी दी।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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