
NDItuVuUmh yttufU akmtirhgt
—————
——–
Fch & ytJu=l fUe rf{Ugt fuU =tihtl ne tu akmtirhgt clu rlse rJrJ rlgtbfU ytgtud fuU aughbil
भोपाल। एमपी की सियासी उथल-पुथल के बीच तबादलों और नियुक्तियों का दौर जारी है। अब मप्र निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग में नए चेयरमैन की नियुक्ति के आदेश शासन ने जारी किए हैं।मप्र उच्च शिक्षा विभाग ने प्रोफेसर आलोक चंसौरिया को प्राइवेट यूनिवर्सिटी रेगुलेटरी कमीशन का चेयरमैन बनाया गया है। बता दे कि ये वही आलोक चंसौरिया है जिन्होंने जबलपुर से कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा का चुनाव भी लड़ा था।
जबलपुर के शासकीय हवाबाग महाविद्यालय के अंग्रेजी विषय के प्रोफेसर डॉ. आलोक चंसोरिया को बतौर चेयरमैन नियुक्ति किया है। प्रोफ़ेसर आलोक चंसौरिया जबलपुर के गवर्नमेंट हवाबाग कॉलेज मैं अंग्रेजी सब्जेक्ट के प्राध्यापक हैं। वे रिटायर्ड आईपीएस डॉ. स्वराजपुरी की जगह लेंगे।
खास बात ये है कि अलोक की नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब चेयरमैन पद की भर्ती आवेदन प्रक्रिया के द्वारा की जा रही थी। वर्तमान में डीजीपी डॉ. स्वराज पुरी इस पद को संभाल रहे थे लेकिन बताया जा रहा है कि सियासी ड्रामे के चलते अस्थाई तौर पर लोक चंसौरिया को चेयरमैन बना दिया गया है। लेकिन आवेदन के बाद स्थाई तौर पर इसकी नियुक्ति की जाएगी। जबकि वर्तमान में संभाल रहे चेयरमैन डॉ. स्वराज पुरी का कार्यकाल मई में समाप्त होगा। उच्च शिक्षा विभाग ने चेयरमैन के लिए 20 फरवरी तक आवेदन मांगे थे और इसकी अंतिम तिथि 20 मार्च रखी गई थी। इस पद के प्रबल दावेदार मंत्री तुलसी सिलावट के भाई प्रोफेसर सुरेश सिलावट को माना जा रहा था लेकिन सरकार से बगावत करने की वजह से उनका नाम इसे निरस्त कर दिया गया।
निदेशक और संपादक

