आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश: लोकल उत्पादों को दिया जाएगा बढ़ावा, फाईनल रोडमैप तैयार

शिवराज कैबिनेट

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट

एमपी उपचुनाव (MP By-election) से पहले प्रदेश की शिवराज सरकार (Shivraj Sarkar) एक्शन मोड में आ गई है। मंत्रियों-विधायकों द्वारा कामों में तेजी लाई जा रही है।सरकार का पूरा फोकस आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश (Aatmanirbhar MadhyaPradesh) पर बना हुआ है। मुख्यमंत्री शिवराज ने आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश का रोडमैप बनाने चार ग्रुप और हर ग्रुप के लिए एक समन्वयक बना दिया गया है। इसी कड़ी में सोमवार को वाणिज्यिक कर, वित्त, योजना आर्थिक एवं सांख्यिकी मंत्री जगदीश देवड़ा की अध्यक्षता में मंत्री-समूह की बैठक हुई और अर्थव्यवस्था एवं रोजगार के लिये मंत्री-समूह ने रोडमैप को अंतिम रूप दिया।

मंत्री देवड़ा ने कहा कि लोकल उत्पादों को बढ़ावा देना होगा ताकि आर्थिक क्षेत्र में प्रदेश एवं देश आत्मनिर्भर बन सकें। इसी तर्ज पर मध्यप्रदेश आत्मनिर्भर का फाईनल रोडमैप तैयार किया गया है।”आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश” के अंतर्गत ‘अर्थव्यवस्था एवं रोजगार’ संबंधी मंत्री-समूह का अध्यक्ष होने के नाते समिति के सदस्यों के साथ मिलकर 3 वर्ष के रोडमैप को लक्ष्य और क्रियान्वयन बिन्दु के अनुसार ही अंतिम रूप दिया गया। इससे निश्चित ही प्रदेश की जीडीपी में वृद्धि होगी।

प्रदेश की अर्थव्यवस्था को आत्मनिर्भर बनाने के लिये 150 से अधिक विशेषज्ञों के द्वारा वेबिनार के माध्यम से विचार-विमर्श किया गया। जिसमें 170 सुझाव प्राप्त हुए, जो कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई दिशा देंगे। इन सभी सुझावों के साथ पृथक् से प्राप्त हुए सुझावों पर मंत्री समूह ने गहन विचार-विमर्श कर प्रदेश के हित मे निर्णय लिये हैं। मंत्री-समूह की अनुशंसा के साथ अर्थव्यवस्था एवं रोजगार का रोडमैप मुख्यमंत्री को सौंपा जाएगा। कृषि मंत्री श्री कमल पटेल और सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा ने भी अपने अंतिम सुझाव रखें।वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में मंत्री देवड़ा तथा संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। अपर मुख्य सचिव एवं नोडल अधिकारी श्री राजेश राजौरा द्वारा मंत्री-समूह को प्राप्त अंतिम सुझावों की जानकारी दीं।

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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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