“लापता पोस्टर” लगने के बाद आई खबर, सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर दिल्ली AIIMS में भर्ती

“लापता पोस्टर” लगने के बाद आई खबर, सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर दिल्ली AIIMS में भर्ती

भोपाल।

कोरोना(corona) संकटकाल और देशव्यापी लॉकडाउन(lockdown) के बीच भोपाल(bhopal) की सांसद(MP) प्रज्ञा सिंह ठाकुर(Pragya Thakur) को दिल्ली(Delhi) के एम्स(AIIMS) में भर्ती करवाने की बात सामने आ रही है। वो लगातार शारीरिक परेशानियों से गुजर रही है। शनिवार को उन्हें सिर और आंख की बीमारी की वजह से अस्पताल(Hospital) ले जाया गया। सांसद प्रज्ञा ठाकुर कई दिनों से दिल्ली में है। जिसके बाद तबियत बिगड़ने से उन्हें एम्स में भर्ती करवाया गया है।

दरअसल शनिवार को भोपाल की सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर को दिल्ली के एम्स में भर्ती करवाया गया है। प्रज्ञा ठाकुर को सिर और आंख की बीमारी की वजह से अस्पताल लाया गया है। जहाँ उनका इलाज(Treatment) जारी है। डॉक्टरों ने उन्हें आराम की सलाह दी है। वहीँ ये भी कहा जा रहा कि कांग्रेस सरकार के दौरान गिरफ्तारी के समय उनके द्वारा पूछताछ के दौरान प्रज्ञा सिंह ठाकुर को प्रताड़ित किया गया था, इसी दौरान उनसे सिर और आंख में चोट आई थी।

बता दें कि इससे पहले जिले में कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बीच सांसद ठाकुर पर लगातार लापता होने को लेकर निशाना बना रही थी। वहीँ कांग्रेसी मंत्रियों द्वारा प्रज्ञा ठाकुर के लापता पर सवाल उठाये गए थे। जिसको लेकर रामेश्वर शर्मा ने कहा था कि साध्वी प्रज्ञा के साथ जो अत्याचार तत्कालीन कांग्रेस सरकार के समय किये गए। आज उसी की वजह से साध्वी गंभीर बीमारियों से पीड़ित है। उसके बाद भी दिल्ली में इलाज के दौरान भी भोपाल की व्यवस्थाओ पर नज़र बनायी हुई है। वहीँ पिछले दिनों प्रदेश में प्रज्ञा ठाकुर के लापता होने के पोस्टर भी लगे थे।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews