हिमाचल प्रदेश में आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर चल रही गहमागहमी के बीच अब तस्वीर धीरे-धीरे साफ होती दिख रही है। 51 नगर निकायों में पार्षद पद के लिए दाखिल किए गए नामांकन पत्रों की गहन छंटनी के बाद कुल 32 दावेदारों के पर्चे रद्द कर दिए गए हैं। इस प्रक्रिया के बाद, प्रदेश के विभिन्न नगर निकायों में 449 पार्षद पदों के लिए अब 1393 उम्मीदवार चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमाने को तैयार हैं, जिससे चुनावी मुकाबले की सरगर्मी बढ़ गई है।
दरअसल छंटनी के दौरान सबसे अधिक नामांकन रद्द होने का आंकड़ा कुल्लू जिले से सामने आया है, जहां 10 उम्मीदवारों के पर्चे खारिज हुए हैं। इसके अलावा, बिलासपुर में 3, हमीरपुर में 2, कांगड़ा में 1, मंडी में 9, सिरमौर और सोलन में 3-3, जबकि ऊना जिले में 1 नामांकन रद्द किया गया है, जिससे चुनावी दौड़ में शामिल होने वाले दावेदारों की संख्या में कमी आई है। इस छंटनी के बाद अब अंतिम सूची पर सबकी निगाहें टिकी हैं।
नामांकन वापस लेने का अवसर
चुनाव प्रक्रिया के अगले चरण में, कल यानी बुधवार दोपहर तीन बजे तक उम्मीदवारों को अपने नामांकन वापस लेने का अवसर मिलेगा। इस समय सीमा के बाद, सभी शेष प्रत्याशियों को उनके चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाएंगे, जो उनकी चुनावी पहचान बनेंगे और वे इन्हीं चिन्हों के साथ जनता के बीच जाएंगे। मतदान की तारीख 17 मई निर्धारित की गई है, जब सुबह सात बजे से दोपहर तीन बजे तक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे, जिससे लोकतंत्र के इस पर्व में उनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित होगी।
चुनाव परिणाम भी दो चरणों में आएंगे; 47 नगर पंचायत और नगर परिषद के नतीजे उसी दिन यानी 17 मई को घोषित कर दिए जाएंगे, जबकि प्रदेश के चार प्रमुख नगर निगमों धर्मशाला, पालमपुर, मंडी और सोलन के परिणाम 31 मई को सामने आएंगे, जिनके लिए इंतजार थोड़ा लंबा होगा।
कांगड़ा जिला में सर्वाधिक 268 उम्मीदवार
स्टेट इलेक्शन कमीशन द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, कांगड़ा जिला में सर्वाधिक 268 उम्मीदवार मैदान में हैं, जो इस क्षेत्र में चुनावी संघर्ष की तीव्रता को दर्शाता है। अन्य जिलों की बात करें तो, बिलासपुर में 93, चंबा में 113, हमीरपुर में 53, कुल्लू में 115, मंडी में 205, शिमला में 167, सिरमौर में 89, सोलन में 155 और ऊना में 136 नामांकन सही पाए गए हैं। कल दोपहर बाद नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि वास्तव में कितने दावेदार अंतिम चुनावी रण में डटे रहते हैं और किसके हाथ निराशा लगती है।
इस महत्वपूर्ण चुनावी प्रक्रिया में कुल 3 लाख 60 हजार 859 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इनमें 1 लाख 80 हजार 963 पुरुष मतदाता, 1 लाख 79 हजार 882 महिला मतदाता और 14 अन्य मतदाता शामिल हैं, जो अपने क्षेत्र के विकास के लिए सही प्रतिनिधि का चुनाव करेंगे। विशेष रूप से, 1808 ऐसे युवा मतदाता भी हैं जिन्होंने हाल ही में 18 वर्ष की आयु पूरी की है और वे पहली बार इन नगर निकाय चुनावों में अपने पसंदीदा उम्मीदवार को चुनने के लिए मतदान करेंगे, जो उनके लिए एक नया अनुभव होगा।






