हिमाचल प्रदेश की यात्रा करने की योजना बना रहे लोगों के लिए यह एक बड़ी खबर है। राज्य सरकार ने बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों के लिए एंट्री टैक्स में 30 रुपये से लेकर 230 रुपये तक की भारी बढ़ोतरी करने का फैसला किया है। हालांकि, यह नई दरें तत्काल प्रभाव से लागू नहीं होंगी, बल्कि इन्हें 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी किया जाएगा।
प्रदेश की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने और राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से सुक्खू सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए यह नई बैरियर नीति अधिसूचित की है। इस फैसले का सीधा असर पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली समेत अन्य राज्यों से आने वाले लाखों पर्यटकों और माल ढुलाई करने वाले ट्रांसपोर्टरों की जेब पर पड़ेगा।
जानें किस वाहन पर कितना बढ़ेगा बोझ?
सरकार द्वारा जारी नोटिफिकेशन के अनुसार, विभिन्न श्रेणियों के वाहनों के लिए प्रवेश शुल्क में काफी वृद्धि की गई है। कुछ मामलों में यह लगभग दोगुना हो गया है।
- निजी कार और छोटे वाहन: पहले जहां 70 रुपये लगते थे, अब 170 रुपये देने होंगे।
- सवारी वाहन (12+1 क्षमता): इनका शुल्क 110 रुपये से बढ़ाकर 170 रुपये कर दिया गया है।
- भारी मालवाहक वाहन: इन वाहनों के लिए टैक्स 720 रुपये से बढ़कर अब 900 रुपये हो जाएगा।
- निर्माण मशीनरी (JCB आदि): पहले 570 रुपये की जगह अब 800 रुपये का शुल्क लगेगा।
- ट्रैक्टर: ट्रैक्टरों के लिए प्रवेश शुल्क 70 रुपये से बढ़ाकर 100 रुपये किया गया है।
हालांकि, डबल एक्सल बसों और ट्रकों के शुल्क में कोई बदलाव नहीं किया गया है और यह 570 रुपये पर ही स्थिर रहेगा। हिमाचल प्रदेश के स्थानीय वाहनों को इस टैक्स से पहले की तरह ही छूट मिलती रहेगी।
फास्टैग अनिवार्य, ऑनलाइन होगी नीलामी
नई नीति के तहत टोल बैरियरों पर व्यवस्था को आधुनिक और सुगम बनाने पर भी जोर दिया गया है। अब सभी एंट्री बैरियरों पर टैक्स वसूली के लिए फास्टैग (FASTag) को अनिवार्य किया जा रहा है। सरकार का दावा है कि इससे बैरियरों पर लगने वाले जाम से निजात मिलेगी और आवाजाही आसान होगी।
इसके अलावा, अब बैरियरों के ठेकों की नीलामी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए इसे ऑनलाइन माध्यम से किया जाएगा। जिला स्तर पर उपायुक्त (DC) की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया जाएगा, जो इन बैरियरों के संचालन और निगरानी का काम देखेगी। ठेकेदारों को नीलामी के 15 दिनों के भीतर फास्टैग सहित सभी जरूरी व्यवस्थाएं लागू करनी होंगी।






