हिमाचल प्रदेश की राज्यसभा सीट के लिए कांग्रेस ने अपना पत्ता खोल दिया है। पार्टी हाईकमान ने अनुराग शर्मा को उम्मीदवार बनाया है, जिनका नाम देशभर में घोषित किए गए 6 उम्मीदवारों की सूची में शामिल है।
अनुराग शर्मा फिलहाल कांगड़ा जिला कांग्रेस के अध्यक्ष हैं। पार्टी संगठन में उनकी भूमिका पहले से सक्रिय रही है और राज्य नेतृत्व के साथ उनकी निकटता भी राजनीतिक चर्चा का हिस्सा रही है।
राज्य की राजनीति में इस घोषणा का महत्व इसलिए भी है क्योंकि आज ही नामांकन की प्रक्रिया तय है। अनुराग शर्मा विधानसभा परिसर में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की मौजूदगी में पर्चा दाखिल करेंगे। नामांकन से पहले मुख्यमंत्री कांग्रेस विधायक दल की बैठक भी विधानसभा परिसर में लेने वाले हैं।
नामांकन, जांच और मतदान का पूरा कैलेंडर
राज्यसभा चुनाव की समयसीमा अब स्पष्ट है। नामांकन आज दाखिल होंगे और कल उनकी छंटनी की जाएगी। अगर मुकाबला बना तो 16 मार्च को मतदान कराया जाएगा।
यह पूरी प्रक्रिया मौजूदा भाजपा राज्यसभा सांसद इंदू गोस्वामी के कार्यकाल की समाप्ति से जुड़ी है। उनका कार्यकाल 9 अप्रैल को खत्म हो रहा है, इसलिए उससे पहले नए सदस्य का चुनाव होना अनिवार्य है।
विधानसभा के आंकड़े क्या संकेत देते हैं
68 सदस्यीय हिमाचल विधानसभा में कांग्रेस के पास 40 विधायक हैं। यह पूर्ण बहुमत के आंकड़े से 5 अधिक है। भाजपा के पास 28 विधायक हैं। इन संख्याओं के आधार पर राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस की स्थिति मजबूत मानी जा रही है, हालांकि अंतिम तस्वीर नामांकन और संभावित मतदान की स्थिति के बाद ही तय होगी।
अनुराग शर्मा की एक और पहचान बीड़ बिलिंग पैरा ग्लाइडिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष के रूप में भी है। यह संस्था इंटरनेशनल स्तर की पैरा ग्लाइडिंग चैंपियनशिप आयोजित करती रही है।
कुल मिलाकर, कांग्रेस ने हिमाचल की राज्यसभा सीट के लिए संगठन और नेतृत्व, दोनों स्तर पर संदेश देने वाला चयन किया है। अब निगाहें नामांकन, जांच और आगे की चुनावी प्रक्रिया पर रहेंगी।






