शादी का दिन हर परिवार के लिए सबसे खास और यादगार होता है। ढोल-नगाड़ों की आवाज, खुशियों का माहौल और रिश्तों की नई शुरुआत सब कुछ एक नई उम्मीद के साथ जुड़ा होता है। लेकिन महू में एक शादी का यही दिन अचानक तनाव, विवाद और हिंसा में बदल गया।
महू के पास हुए इस बरात पथराव मामले ने सभी को हैरान कर दिया है। सिर्फ इसलिए कि बरात दो घंटे देरी से पहुंची, लड़की पक्ष ने जुर्माना मांग लिया। बात यहीं नहीं रुकी विवाद इतना बढ़ा कि शादी के बाद लौटते समय बारातियों की गाड़ी पर पथराव कर दिया गया। इस घटना में कई लोग घायल हो गए और पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
देरी से पहुंची बरात और जुर्माने से शुरू हुआ विवाद
यह पूरा महू बरात पथराव मामला मंगलवार का है, जब धार जिले से एक बरात महू तहसील के रावली गांव पहुंची। जानकारी के अनुसार, दूल्हे रमेश की बरात तय समय से करीब दो घंटे देर से पहुंची थी।
बरात के देर से पहुंचने पर लड़की पक्ष नाराज हो गया और उन्होंने 2000 रुपये का जुर्माना मांगा। शुरुआत में यह एक सामान्य बहस लग रही थी, लेकिन धीरे-धीरे यह विवाद बढ़ने लगा।
बरातियों ने 2000 की जगह 1000 रुपये देने की बात कही। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। हालांकि, उस समय मामला किसी तरह शांत कर लिया गया और शादी की रस्में पूरी कर ली गईं। लेकिन अंदर ही अंदर यह विवाद खत्म नहीं हुआ था, जो आगे चलकर एक बड़े हादसे की वजह बना।
शादी के बाद भी नहीं थमा विवाद
आमतौर पर शादी के बाद विदाई का समय भावुक होता है, लेकिन इस महू बरात पथराव मामले में हालात बिल्कुल उलट थे। शादी के बाद लड़की पक्ष ने बरात को विदा करने से मना कर दिया।
इस दौरान फिर से दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि लड़के वालों को पुलिस को सूचना देनी पड़ी। पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझाने की कोशिश की।
काफी देर तक बातचीत और समझाइश के बाद पुलिस की मौजूदगी में बरात को विदा किया गया। उस समय लगा कि मामला अब खत्म हो गया है, लेकिन असली घटना तो इसके बाद हुई।
लौटते वक्त घात लगाकर हमला
जब बरात वापस लौट रही थी, तब किसी को अंदाजा नहीं था कि रास्ते में उनका सामना एक खतरनाक स्थिति से होने वाला है। पुलिस की गाड़ी आगे चल रही थी और पीछे बारातियों के वाहन थे।
इसी दौरान अचानक रास्ते में पेड़ों और झाड़ियों के पीछे छिपे कुछ लोगों ने बरातियों की गाड़ियों पर पथराव शुरू कर दिया। यह हमला अचानक हुआ, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई।






