बांग्लादेश में 18 महीने से चले आ रहे राजनीतिक गतिरोध का अंत हो गया है। तारिक रहमान ने मंगलवार (17 फरवरी) को देश के नए प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की। इस महत्वपूर्ण अवसर पर भारत ने अपनी ‘पड़ोसी पहले’ नीति को दर्शाते हुए एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भेजा, जिसका नेतृत्व लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने किया। शपथ ग्रहण के बाद ओम बिरला ने नए प्रधानमंत्री से मुलाकात कर उन्हें बधाई दी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से दिल्ली आने का निमंत्रण भी सौंपा।
तारिक रहमान के शपथ लेते ही मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार का कार्यकाल समाप्त हो गया। यूनुस सरकार के दौरान देश में काफी राजनीतिक अराजकता और अनिश्चितता का माहौल देखा गया था, जिसका असर भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों पर भी पड़ा था।
पीएम मोदी का व्यक्तिगत पत्र और भारत का निमंत्रण
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने नए प्रधानमंत्री तारिक रहमान से मुलाकात को बेहद सार्थक बताया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में कहा, ‘बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान के साथ एक सार्थक बैठक संपन्न हुई। मैंने पीएम मोदी का व्यक्तिगत पत्र उन्हें सौंपा, जिसमें पीएम मोदी ने तारिक रहमान को जल्द से जल्द भारत आने का निमंत्रण दिया।’
इस मुलाकात के दौरान ओम बिरला के साथ विदेश सचिव विक्रम मिसरी भी मौजूद थे। भारत की ओर से यह कदम दोनों देशों के बीच संबंधों को एक नई दिशा देने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
“मैंने भारत की जनता की ओर से हार्दिक बधाई दी और अपने दोनों पड़ोसी देशों के बीच स्थायी साझेदारी को और मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।” — ओम बिरला, लोकसभा अध्यक्ष
जन-केंद्रित सहयोग पर बनी सहमति
भारत में बांग्लादेश के उच्चायुक्त रियाज हामिदुल्लाह ने इस मुलाकात के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, ‘ओम बिरला ने भारत की ओर से शुभकामनाएं दीं और देश में आने का निमंत्रण दिया। दोनों नेताओं ने बांग्लादेश और भारत की जनता के कल्याण के लिए जन-केंद्रित सहयोग नीतियों पर मिलकर काम करने की आशा व्यक्त की।’
माना जा रहा है कि मोहम्मद यूनुस के शासनकाल में ढाका और नई दिल्ली के बीच संबंधों में जो गिरावट आई थी, उसे पाटने के लिए दोनों पक्ष अब तेजी से काम करेंगे।
भव्य शपथ ग्रहण समारोह
तारिक रहमान का शपथ ग्रहण समारोह जातीय संसद के साउथ प्लाजा में आयोजित किया गया, जिसमें देश के शीर्ष राजनीतिक और सैन्य नेतृत्व ने हिस्सा लिया। बांग्लादेश के राष्ट्रपति शहाबुद्दीन ने प्रधानमंत्री के अलावा 25 कैबिनेट मंत्रियों और 24 राज्य मंत्रियों को भी पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।
तारिक रहमान पहली बार प्रधानमंत्री बने हैं और उनका कार्यकाल पांच साल का होगा। इस समारोह में भारत और पाकिस्तान सहित कई पड़ोसी देशों के नेता भी उपस्थित थे, जो इस क्षेत्र में नए नेतृत्व के प्रति उम्मीदों को दर्शाता है।





