
दुनिया में एक से बढ़कर एक लोग रहते हैं जिनका दिमाग अलग-अलग तरीकों से काम करता है। ऐसे में कार्यों को कर जाते हैं जो कि मानव जाति के लिए इतिहास बन जाता है। ऐसा ही कुछ पहाड़ों को काटकर किया गया है, ताकि यातायात में कोई दिक्कत ना हो। इसे करने के लिए काफी लंबा समय भी लगता है। इसलिए रोड कनेक्टिविटी हो या फिर रेलवे कनेक्टिविटी से मजबूत करने के लिए सुरंग बनाए जाते हैं।
दुनिया भर में कई ऐसी जगह है, जहां पर पहाड़ों को काटकर सुरंग बनाए गए हैं, ताकि आवागमन में किसी प्रकार की कोई परेशानी ना आए और लोग आसानी से अपने गंतव्य तक पहुंच सके।
दुनिया की सबसे लंबी सुरंग
रेल सफर हो या फिर वहां सफर हो। अपने कई ऐसे टनल क्रॉस किए होंगे जो एक पहाड़ से दूसरे पहाड़ तक कम समय में पहुंचा देता है। पहाड़ों को काटकर बनाए गए रास्ते को सुरंग कहते हैं। आज हम आपको दुनिया की सबसे लंबी सुरंग के बारे में बताने जा रहे हैं जो इतनी अधिक लंबी है कि उसमें घुसते ही आपको ऐसा लगेगा कि आप किसी और दुनिया में पहुंच गए हैं।
गॉटार्ड बेस टनल
दरअसल दुनिया की सबसे लंबी रेल सुरंग गॉटार्ड बेस टनल है जो कि स्विट्जरलैंड के आज पर्वतों के नीचे बनी हुई है। इसकी लंबाई 57.1 केएम है। यह टनल यूरोप के उत्तरी और दक्षिणी भागों को एक दूसरे से जोड़ता है।
इस सुरंग को बनाने के लिए करीब 17 साल लगे हैं जिसके लिए करोड़ों की लागत खर्च की गई है। साल 2016 में इसका निर्माण कार्य पूरा हुआ था। ट्रेन की स्पीड 200 से 250 किलोमीटर प्रति घंटे रहती है। यह टनल सिर्फ लंबाई में ही नहीं बल्कि गहराई में भी वर्ल्ड क्लास है। जिस कारण यह दुनिया की सबसे गहरी रेलवे टनल भी कहलाती है। यात्री ट्रेनों के अलावा रोजाना करीब 260 मालगाड़ियां इस टनल से होकर गुजरती हैं। मीडिया सूत्रों के अनुसार इस टनल को बनाने के दौरान 3.1 करोड़ चट्टानों को निकलना पड़ा। इसका इस्तेमाल टनल की कंक्रीट को तैयार करने में हुआ।
सीनियर कंटेंट राइटर · डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन, बीए. 2022 से MP Breaking News में; पहले लाइव इंडिया, VIP News Channel और Khabar Bharat में कार्य.



