उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस की विजय शंखनाद रैली में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने जिस मंच से जनता को संबोधित किया हिन्दू संगठनों द्वारा उसके शुद्धिकरण किए जाने को लेकर बवाल मच गया है। इस घटना के बाद कांग्रेस पार्टी ने सख्त नाराजगी जताई है। वहीं मध्यप्रदेश में भी जगह-जगह कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया।
बता दें कि इस घटना के विरोध में शुक्रवार शाम जबलपुर में कांग्रेस कार्यकर्ता गांधी टाउन हॉल पहुंचे। यहां उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और इसके बाद रामधुन का भजन गाया। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे और उन्होंने घटना को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया।
मल्लिकार्जुन खरगे के मंच शुद्धिकरण पर कांग्रेस का हमला
कांग्रेस नगर अध्यक्ष सौरभ शर्मा ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि उत्तराखंड में मल्लिकार्जुन खरगे के साथ जो कुछ हुआ, उसने पूरे देश को शर्मसार किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और उससे जुड़े संगठनों के लोगों ने मंच का शुद्धिकरण कर यह दिखा दिया कि उनके मन में दलितों के प्रति कैसी सोच है। उन्होंने कहा कि अब मंच के शुद्धिकरण के पीछे यह तर्क दिया जा रहा है कि वहां एक दलित नेता ने भाषण दिया था, इसलिए उस स्थान को शुद्ध किया गया।
दलितों के प्रति भाजपा की सोच पर सौरभ शर्मा ने उठाए सवाल
सौरभ शर्मा ने सवाल उठाते हुए कहा कि भाजपा महानगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर जिस सीट पर बैठते है, क्या उसे भी शुद्ध किया जाता है? कहने को तो नाम के लिए संगठन ने उन्हें अध्यक्ष बना दिया, वो हमारे बड़े भाई है, क्योंकि संविधान ने हमें सिखाया है कि सभी धर्म के लोग एक सामान है। लेकिन संविधान को भारतीय जनता पार्टी नहीं मानती। दलितों के बारे में उनके मन में अलग ही भाव है।
कांग्रेस नगर अध्यक्ष ने भाजपा महानगर अध्यक्ष से सवाल किया कि उत्तराखंड में एक दलित नेता के साथ हुई इस घटना को लेकर उनका क्या कहना है। उन्होंने कहा कि जिस संगठन के वे अध्यक्ष हैं, उससे जुड़े लोगों का इस पूरे मामले में क्या रवैया रहा, इस पर उन्हें आत्ममंथन करने की जरूरत है।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा मामला उत्तराखंड के हल्द्वानी के रामलीला मैदान में 8 अगस्त 2026 को हुई कांग्रेस की जनसभा के बाद का है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने यहां सभा को संबोधित किया था। इसके दो दिन बाद यानि 10 अगस्त को हिंदू संगठनों ने मंच पर पूजा-पाठ, हवन और गंगाजल छिड़ककर कथित तौर पर शुद्धिकरण किया। जिसके बाद बवाल मच गया। कांग्रेस का आरोप है कि मल्लिकार्जुन खरगे दलित समुदाय से आते हैं और उनके भाषण के बाद मंच का शुद्धिकरण किया जाना अपमानजनक और दलित-विरोधी मानसिकता को दर्शाता है। कांग्रेस अब इस घटना को लेकर भाजपा पर हमला बोल रही है।





