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राज्य के इन अधिकारियों को मिलेगा 53% डीए का लाभ, जुलाई 2024 से लागू होंगी नई दरें, एरियर का भी होगा भुगतान

Written by:Pooja Khodani
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प्रदेश सरकार ने अधिकारियों के महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी की है। मध्य प्रदेश कैडर के आईएएस, आईपीएस और आईएफएस अफसरों को केंद्र के बराबर 53 फीसदी महंगाई भत्ता मिलेगा।
राज्य के इन अधिकारियों को मिलेगा  53% डीए का लाभ, जुलाई 2024 से लागू होंगी नई दरें, एरियर का भी होगा भुगतान

MP IAS IPS DA HIKE 2024 : शासकीय ,नगरीय निकाय और बिजली कर्मचारियों के बाद अब मध्य प्रदेश के अखिल भारतीय सेवा के अफसरों को तोहफा मिला है। प्रदेश के आईएएस, आईपीएस और आईएफएस अधिकारियों को अब केंद्र के समान महंगाई भत्ते का लाभ मिलेगा। नई दरें एक जुलाई 2024 से लागू होंगे, ऐसे में जुलाई से सितंबर का एरियर एकमुश्त दिया जाएगा।

इस संबंध में 30 अक्टूबर को सामान्य प्रशासन विभाग ने आदेश जारी कर दिए है। इससे पहले मार्च 2024 में अखिल भारतीय सेवा (आईएएस, आईपीएस और आईएफएस) के अधिकारियों का जनवरी 2024 से 4 फीसदी महंगाई भत्ता बढ़ाया गया था, जिसके बाद अधिकारियों का महंगाई भत्ता 46 से बढ़कर केन्द्र के समान 50 फीसदी हो गया था, अब जुलाई से बढ़कर यह 50 फीसदी से बढ़कर 53 फीसदी हो गया है।

शासकीय/बिजली/नगरीय निकाय कर्मियों को 50% DA का लाभ

  • राज्य के 7.50 लाख शासकीय अधिकारियों कर्मचारियों का भी डीए 4% वृद्धि के बाद बढ़कर 50 फीसदी हो चुका है। नई दरें जनवरी 2024 से लागू होंगी, ऐसे में जनवरी से सितंबर तक का एरियर चार किस्तों में मिलेगा।बिजली कंपनी के अधिकारियों कर्मचारियों का भी 50% महंगाई भत्ता मिलेगा। नवंबर से खाते में सैलरी बढ़कर आएगी। 1 जनवरी 2024 से 30 सितंबर 2024 तक की एरियर राशि का भुगतान चार सामान किस्तों में किया जाएगा।
  • 7वें वेतनमान का लाभ ले रहे पेंशनर्स की DA में 4% की वृद्धि गई है, जिसके बाद डीआर 46% से बढ़कर 50% हो गई है वही छठवें वेतनमान का लाभ ले रहे पेंशनरों की महंगाई राहत में 9% वृद्धि की गई है, जिसके बाद डीआर 230% से बढ़कर 239% हो गई है।नई दरें अक्टूबर 2024 से लागू होंगी, ऐसे में नवंबर से खाते में पेंशन बढ़कर आएगी। वही नगरीय निकायों के कर्मचारी पेंशनरों को भी 50 फीसदी और छठवें वेतनमान का लाभ ले रहे कर्मचारी पेंशनर्स को 239% DA/DR स्वीकृत की गई है। 
Pooja Khodani
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खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। (पत्रकारिता में 9 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ हर खबर पर पैनी नजर) View all posts by Pooja Khodani
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