भोपाल: मध्य प्रदेश कांग्रेस में एक बड़े राजनीतिक घटनाक्रम के तहत, विधानसभा में उप नेता प्रतिपक्ष और विधायक हेमंत कटारे ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। इस इस्तीफे ने पार्टी के भीतर खलबली मचा दी है, खासकर जब पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने इसके पीछे की एक अलग ही वजह बताई है।
कटारे ने अपने इस्तीफे के पत्र में लिखा कि वह अपने परिवार और विधानसभा क्षेत्र की जनता को पर्याप्त समय नहीं दे पा रहे थे, जिसके कारण वह इस जिम्मेदारी का निर्वहन करने में असमर्थ हैं। उन्होंने इसे पद त्याग का मुख्य कारण बताया। हालांकि, उनके इस कदम के तुरंत बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री पीसी शर्मा का एक बड़ा बयान सामने आया, जिसने इस मामले को नया मोड़ दे दिया है।
पीसी शर्मा का दावा- सम्मान की कमी से नाराज थे कटारे
पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने दावा किया है कि हेमंत कटारे के इस्तीफे की असली वजह सम्मान की कमी है। उन्होंने कहा कि कटारे को ऐसा महसूस हो रहा था कि उन्हें पार्टी में उचित सम्मान नहीं मिल रहा है।
“हेमंत कटारे को लगता है कि उनको सम्मान नहीं मिल रहा। सम्मान नहीं मिलने के चलते मैंने कांग्रेस नेताओं से बातचीत भी की थी।”- पीसी शर्मा, पूर्व मंत्री
पीसी शर्मा ने आगे कहा कि हेमंत कटारे अपने वर्ग के एकमात्र ऐसे नेता हैं जो मध्य प्रदेश कांग्रेस में किसी बड़े पद पर थे। उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से इस मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की।
शर्मा ने कहा, “हेमंत कटारे से प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, हरीश चौधरी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार को बातचीत करनी चाहिए। कांग्रेस के नेताओं को उनसे बात करके उन्हें सम्मान देना चाहिए। मैं चाहता हूं कि वह अपना इस्तीफा वापस लें।” इस बयान के बाद कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति गरमा गई है और नेतृत्व पर सवाल उठने लगे हैं।





