8th Pay Commission : सरकारी कर्मचारियों पेंशनरों की कितनी बढ़ेगी सैलरी-पेंशन? कितना होगा फिटमेंट फैक्टर? 1 फरवरी को बजट में हो सकता है ऐलान!

सरकारी कर्मचारियों की सैलरी में संभावित रूप से 100 फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी हो सकती है।यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से फिटमेंट फैक्टर के आधार पर होगी।अनुमान है कि 8वें वेतन आयोग के बाद यह बढ़कर 2.08 से 2.86 बीच हो सकता है।
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8th Pay Commission: केन्द्र की मोदी सरकार ने 8वें वेतन आयोग को मंजूरी दे दी है, जिसकी सिफारिशें 1 जनवरी 2026 से लागू होंगी, लेकिन अबतक स्पष्ट नहीं हो पाया है कि केन्द्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों के वेतन पेंशन में कितनी वृद्धि होगी। संभावना है कि 1 फरवरी को पेश होने वाले आम बजट में केन्द्र की मोदी सरकार इस पर स्थिति साफ कर सकती है।

दरअसल, केन्द्र सरकार ने 7वें वेतन आयोग का गठन फरवरी 2014 में किया गया था, लेकिन इसकी सिफारिशें 1 जनवरी 2016 से लागू की गई थी, जिसका कार्यकाल 31 दिसंबर 2025 को खत्म होगा, ऐसे में 8वें वेतन आयोग जनवरी 2026 से लागू होगा। इससे 49 लाख केंद्रीय सरकारी कर्मचारी और 65 लाख पेंशनभोगी लाभान्वित होंगे।

8th Pay Commission : बजट में हो सकता है बड़ा ऐलान

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के तहत सैलरी में 108% तक की बढ़ोतरी कर सकती है।हालांकि अभी तक सरकार की तरफ से कोई आधिकारिक रूप से सैलरी स्ट्रक्चर, महंगाई भत्ता और फिटमेंट फैक्टर को लेकर कोई घोषणा नहीं की गई है। फिटमेंट फैक्टर 1.92 से 2.08 के बीच रह सकता है। संभावना है वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को संसद में पेश होने वाले बजट में 8वें वेतन आयोग के गठन को लेकर बड़ा ऐलान कर सकती है।

फिटमेंट फैक्टर से तय होगी सैलरी

  • नेशनल काउंसिल ऑफ जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी के सचिव शिव गोपाल मिश्रा के अनुसार, वेतन आयोग 2.86 के फिटमेंट फैक्टर की सिफारिश कर सकता है, जबकि कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक यह 1.92 से 2.08 के बीच रह सकता है।
  • अगर फिटमेंट फैक्टर 2.08 तय होता है, तो न्यूनतम बेसिक सैलरी 18,000 से 37,440 रुपये तक हो सकती है, सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन 9,000 से 18,720 रुपये तक हो सकती है।
  • अगर फिटमेंट फैक्टर 2.86 तक बढ़ता है, तो न्यूनतम सैलरी 18,000 से 51,480 रुपये तक हो सकती है, वही सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन 9,000 से 25,740 रुपये तक हो सकती है।हालांकि इसकी संभावना कम है।
  • 7वें वेतन आयोग के तहत फिटमेंट फैक्टर 2.57 पर सेट किया गया था, जिससे न्यूनतम मूल वेतन 7,000 रुपये से बढ़ाकर 18,000 रुपये हो गया था। डीए, मकान किराया भत्ता  और परिवहन भत्ता जोड़ने के बाद कुल वेतन 36,020 रुपये हुआ था।

पढ़े पूर्व वित्त सचिव की भी राय

भारत के पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने एक मीडिया इंटरव्यू में कहा है कि फिटमेंट फैक्टर तय करने के लिए वेतन आयोग 1 जनवरी 2026 तक के मूल वेतन और महंगाई भत्ते (DA) को आधार बनाएगा। वर्तमान में केंद्रीय कर्मचारियों का डीए 53% है। 1 जनवरी 2026 तक डीए की गणना में दो और किस्तें जुड़ेंगी। पहली 1 जनवरी और दूसरी 1 जुलाई 2025 को।अनुमान है कि 2025 में 7 प्रतिशत डीए वृद्धि होने पर यह 1 जनवरी, 2026 तक लगभग 60 प्रतिशत पहुंचेगा। आमतौर पर वेतन आयोग 15 से 30 फीसदी तक की वृद्धि की सिफारिश करते हैं।सरकार 1.92 से 2.86 के बीच फिटमेंट फैक्टर चुन सकती है।

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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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