
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन के अवसर पर उनकी नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू करके राज्यों के प्रति संवैधानिक वादा पूरा किया, जो कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकारों के दौरान लंबित रहा। शाह ने कहा कि मोदी ने देश को सर्वोपरि रखते हुए अर्थव्यवस्था, सामाजिक कल्याण और राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत किया। उन्होंने कहा कि जीएसटी लागू होने से राज्यों की आय में लगभग दोगुनी वृद्धि हुई और नवंबर तक सभी राज्यों को भुगतान मिल जाएगा।
अमित शाह ने कांग्रेस पर जीएसटी लागू करने में विफलता का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस के समय वित्त मंत्री रहे चिदंबरम और प्रणब मुखर्जी के कार्यकाल में इस पर चर्चा तो हुई, लेकिन इसे लागू नहीं किया गया। उन्होंने बताया कि राज्यों को राजस्व घाटे की चिंता थी और कांग्रेस ने कभी भी राज्यों को गारंटी या सहमति बनाने का प्रयास नहीं किया। शाह ने कहा कि जीएसटी ने करदाताओं का सरकार पर भरोसा बढ़ाया, क्योंकि करों से होने वाली आय का लाभ सरकार टैक्स कटौती के माध्यम से जनता तक पहुंचाती है।
पिछले दशक में भारत का गौरव बढ़ा
पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा बढ़ने की बात करते हुए शाह ने कहा कि पिछले दशक में भारत का गौरव बढ़ा है। उन्होंने कोविड-19 महामारी को सबसे बड़ी चुनौती बताते हुए कहा कि भारत का कोविड प्रबंधन दुनिया में सर्वश्रेष्ठ रहा। जनता कर्फ्यू, थाली बजाने और दीया जलाने जैसे कदमों ने लोगों में एकजुटता का भाव पैदा किया। राष्ट्रीय सुरक्षा पर शाह ने कहा कि बीजेपी सरकार की आतंकवाद के प्रति शून्य सहनशीलता की नीति है, जिसे सर्जिकल स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर जैसे कदमों से साबित किया गया।
भारत की अर्थव्यवस्था को बदल दिया
अमित शाह ने पीएम मोदी की तुलना जवाहरलाल नेहरू और इंदिरा गांधी से करते हुए कहा कि उन्होंने भारत की अर्थव्यवस्था को बदल दिया और 25 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकाला। 60 करोड़ लोगों को शौचालय, बिजली, रसोई गैस, मुफ्त राशन और 5 लाख रुपये तक का इलाज जैसी सुविधाएं दीं। शाह ने कहा कि सशस्त्र बलों का आधुनिकीकरण, मेक इन इंडिया को बढ़ावा और भारत को वैश्विक अर्थव्यवस्था में 11वें से चौथे स्थान पर लाने का श्रेय मोदी को जाता है। उन्होंने 2047 तक भारत को विश्व में शीर्ष स्थान पर लाने का संकल्प जताया।
