EPFO: कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, जल्द पूरा करें ये काम, वरना अटक सकता है PF का पैसा

epfo pf rate

नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। EPFO News: एम्पलाई प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (EPFO) के कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर है। 31 मार्च 2022 से पहले ई-नॉमिनेशन पूरा कर लें, वरना पीएफ का पैसा अटक सकता है। वही देरी पर ईपीएफओ के जरिए मिलने वाली कई सुविधाओं से भी वंचित रहना पड़ सकता है। अगर आपने ई-नॉमिनेशन नहीं कराया है तो स्क्रीन पर एक पॉप मैसेज लगातार आता रहेगा और आप पासबुक में बैलेंस नहीं देख पाएंगे।

यह भी पढ़े.. मध्य प्रदेश को बड़ी सौगात, 14 पीजी डिप्लोमा सीट की मिली मान्यता, इन जिलों को मिलेगा लाभ

दरअसल, केंद्र सरकार ने सभी प्रोविडेंट फंड अकाउंट खाताधारकों के लिए ई-नॉमिनेशन फाइल करना अनिवार्य कर दिया है। इसके तहत कोई भी कर्मचारी परिवार के किसी भी सदस्य को अपना नॉमिनी बना सकता है, अगर ऐसा नहीं किया जाता है और इसी बीच कर्मचारी की मृत्यु हो जाती है तो उनके पीएफ खाते का सारा पैसा अटक जाएगा ।इतना ही नहीं पीएफ खाते का पैसा निकालने के लिए कोर्ट कचहरी के चक्कर भी लगाने पड़ सकते है।

यह भी पढ़े.. MP पुलिस के लिए नई व्यवस्था, पुलिस कमिश्नर सिस्टम में नवाचार, मिली प्रभारी की जिम्मेदारी

इतना हीं नहीं आपक बैंक का स्टेटस भी चेक नहीं कर पाएंगे। अगर आपको पासबुक का बैलेंस जानना है, पीएफ खाते का विवरण देखना है, तो आपको 31 मार्च तक ई-नॉमिनेशन कराना अनिवार्य है। ई-नॉमिनेशन की प्रक्रिया के लिए हर खाताधारक को अपने पीएफ अकाउंट (EPF Account) के लिए एक नॉमिनी का नाम डालना होता है और उसके बाद उसकी पूरी जानकारी भरनी होती है। अगर आप अपने पीएफ खाते के पासबुक पर एक्सेस पाना चाहते हैं तो जल्द से जल्द नॉमिनेशन की प्रक्रिया पूरी करें।

ऐसे करें ई-नॉमिनेशन का आसान प्रोसेस-

  • सबसे पहले EPFO की ऑफिशियल बेवसाइट https://www.epfindia.gov.in/site_en/index.php पर क्लिक करें और Services ऑप्शन चुनें।
  • अपना UAN नंबर और पासवर्ड (Password) डालकर Login करें।
  • नॉमिनेशन ऑप्शन में जाकर नॉमिनी का आधार नंबर, नाम, DOB, एड्रेस आदि मेंशन करें।
  • Save EPF Nomination ऑप्शन पर क्लिक करें. आपके नॉमिनेशन की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
Pooja Khodani
लेखक के बारे में
Pooja Khodani

12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। (पत्रकारिता में 12 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ हर खबर पर पैनी नजर) View all posts by Pooja Khodani →
Follow Us :GoogleNews