इन कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, मानदेय में हुई वृद्धि, अब इतनी बढ़कर मिलेगी राशि, होगा लाभ

delhi cm

Employees Honorarium Hike 2024 : राजस्थान में 2 चरणों में 19 और 26 अप्रैल 2024 को लोकसभा चुनाव होना है, इससे पहले निर्वाचन चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव के कार्य में नियुक्त सभी तरह के कर्मचारियों के मानदेय में महंगाई दरों को देखते हुए वृद्धि की है।इसके तहत मतदान के दिन बूथ पर नियुक्त माइक्रो ऑब्जर्वर को अब पहले दो दिन के लिए 1 हजार और दो दिन से ज्यादा ड्यूटी पर 500 रुपए प्रतिदिन (अधिकतम 3 हजार रुपए) पारिश्रमिक दिया जाएगा।

जानिए किसको कितना मिलेगा मानदेय

  • मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने बताया कि लोकसभा आम चुनाव के तहत मतदान और मतगणना सहित अन्य कार्य में नियुक्त कार्मिकों के मानदेय में वृद्धि की गई है।
  • इसमें मतदान के दिन बूथ पर नियुक्त माइक्रो ऑब्जर्वर को अब पहले दो दिन के लिए 1 हजार रुपए और दो दिन से ज्यादा ड्यूटी पर 500 रुपए प्रतिदिन (अधिकतम 3 हजार रुपए) पारिश्रमिक दिया जाएगा। पहले माइक्रो ऑब्जर्वर को पारिश्रमिक के रुप में एकमुश्त 1 हजार रुपए दिए जाते थे।
  • मतदान और मतगणना दल के साथ नियुक्त सहायक कर्मचारी का दैनिक भत्ता 250 रुपए से बढ़ाकर 300 रुपए किया गया है।
  • मतदान दल, जोनल मजिस्ट्रेट, एरिया मजिस्ट्रेट, नियुक्त कार्मिक, होम गार्ड, फॉरेस्ट गार्ड, एनसीसी सीनियर कैडेट, भूतपूर्व सैनिक और ग्राम रक्षक दल का मानदेय 350 रुपए से बढ़ाकर 400 रुपए किया गया है।
  • वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी के कार्य में नियुक्त कार्मिकों का मानदेय भी 250 रुपए से बढ़ाकर 400 रुपए किया गया है।

इन कर्मचारियों को मिलेगा लाभ

इसका लाभ लोकसभा चुनाव कार्य में नियुक्त माइक्रो ऑब्जर्वर से लेकर सहायक कर्मचारी, मतदान दल, जोनल मजिस्ट्रेट, एरिया मजिस्ट्रेट के साथ होम गार्ड, फॉरेस्ट गार्ड, ग्राम रक्षक दल, एनसीसी सीनियर कैडेट, भूतपूर्व सैनिक को मिलेगा।इन कर्मियों के सभी के विभिन्न मदों में मानदेय में वृद्धि की गई है। इससे पहले राज्य विधानसभा चुनाव-2023 के दौरान भी चुनाव कार्य में नियुक्त अधिकारियों और कर्मचारियों के मानदेय एवं पारिश्रमिक में वृद्धि की गई थी

Pooja Khodani
लेखक के बारे में
Pooja Khodani

12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। (पत्रकारिता में 12 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ हर खबर पर पैनी नजर) View all posts by Pooja Khodani →
Follow Us :GoogleNews