बसपा सुप्रीमो मायावती ने संसद में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जारी गतिरोध को लेकर भाजपा और कांग्रेस दोनों पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों पक्ष अलग-अलग मुद्दों पर संसद में हंगामा कर रहे हैं जिससे देश की जनता का ध्यान उसके वास्तविक और महत्वपूर्ण मुद्दों से हट रहा है। उन्होंने यह आशंका भी जताई कि केंद्र और राज्यों में अपनी सरकारों की कमियों से ध्यान हटाने के लिए सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच किसी तरह का अंदरूनी समझौता हो सकता है।
मायावती ने कहा है कि छात्रों के मौजूदा आंदोलन को सिर्फ युवाओं तक सीमित नहीं है बल्कि इसे छात्रों और उनके माता-पिता की समस्याओं से जुड़ा आंदोलन बताया है। मायावती ने कहा कि बसपा इन समस्याओं का समाधान खोजने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है।
मायावती ने संसद में जारी गतिरोध पर जताया आक्रोश
बीएसपी प्रमुख ने कहा है कि देश के लोग यह देख रहे हैं कि संसद में क्या हो रहा है। उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष और विपक्ष को जनता से जुड़े गंभीर मुद्दों पर चर्चा करनी चाहिए लेकिन इसके बजाय राजनीतिक टकराव और हंगामे के कारण महत्वपूर्ण विषय पीछे छूट रहे हैं। एएनआई से बात करते हुए मायावती ने यह भी कहा है कि यदि दोनों पक्ष अपनी-अपनी सरकारों की कमियों और जनसमस्याओं पर चर्चा करने से बच रहे हैं तो इसके पीछे किसी साजिश की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ‘हो सकता है कि केंद्र और राज्यों में अपनी सरकारों की कमियों से लोगों का ध्यान हटाने के लिए उनके बीच कोई अंदरूनी समझौता हो या फिर इन मुद्दों पर बात करने से बचने के लिए इसके पीछे कोई साज़िश हो।’
बीएसपी युवाओं के साथ खड़ी है
उन्होंने देश के युवाओं, खासतौर पर Gen Z की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया और उसपर चर्चा की। मायावती ने कहा कि युवा वर्ग कई मुद्दों को लेकर परेशान और चिंतित है। उन्होंने युवाओं के साथ एकजुटता जताते हुए कहा कि बीएसपी अपनी राजनीतिक सोच के तहत हमेशा युवाओं के साथ खड़ी रही है और आगे भी उनके मुद्दों के समाधान के लिए प्रयास करती रहेगी।






