
Yogi Adityanath: रविवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जनपद चंदौली में आयोजित अघोराचार्य बाबा कीनाराम के 425वें जन्मोत्सव समारोह में सम्मिलित होने पहुंचे।
बाबा कीनाराम के जीवन को लेकर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि, “उन्होंने अपनी सिद्धि का उपयोग राष्ट्र निर्माण और लोक कल्याण के लिए किया, समाज के हर वर्ग को एक साथ किया, छुआछूत के भाव का तिरस्कार कर राष्ट्र को एक किया और कमजोरों पिछड़ों का मार्ग प्रशस्त किया। मुगल और विदेशी अक्रांता उन पर अपना जोर नहीं दिखा पाए, इस बात से उन्होंने यह सिद्ध किया कि “एक संत एक योगी सत्ता का गुलाम नहीं होता, बल्कि अपने कदमों पर चलने के लिए मजबूर करता है।”
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है।
अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →

