सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी के बीच “बुलडोजर” पर फिर सामने आया योगी आदित्यनाथ का नया बयान

सीएम योगी ने कहा  जिन लोगों को अवसर मिला उन लोगों ने अपनी अराजक गतिविधियों , भ्रष्टाचार गतिविधियों से पहचान का संकट खड़ा किया और फिर प्रदेश को दंगों की आग में झोंकने का काम भी किया, शांति पूर्ण माहौल में लोगों को आपस में लड़ाने का काम किया।
Yogi Adityanath

Yogi Adityanath’s statement on bulldozer action: उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश की सरकारों द्वारा दुष्कर्मियों और समाज के दुष्मनों के विरुद्ध लिए जा रहे बुलडोजर एक्शन पर हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने टिप्पणी की है इस बीच बुलडोजर बाबा के नाम से चर्चित उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नया बयान सामने आया है, योगी ने कहा कि बुलडोजर जैसी क्षमता और दृढ़ प्रतिज्ञा जिसमें हो, वही बुलडोजर चला सकता है।

उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) द्वारा चयनित 1,334 अवर अभियंता, संगणक एवं फोरमैन को नियुक्ति-पत्र वितरण हेतु लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल हुए, उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई दी, योगी ने शासकीय सेवकों का स्वागत करते हुए कहा कि यही उत्तर प्रदेश, जो देश के विकास का बैरियर माना जाता था, आज देश के विकास का ‘ग्रोथ इंजन’ बना है।

योगी का तंज, अब टीपू भी चले सुल्तान बनने 

योगी ने पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले जो लोग प्रदेश में लूट मचाये हुए थे आज उनका सपना टूट चुका है, योगी ने तंज कसते हुए कहा कि अब तो टीपू भी चले सुलतान बनने ..सपना देख रहे हैं, ये मुंगेरी लाल के हसीन सपने की तरह है, जब जनता ने इन्हें अवसर दिया तो इन्होने प्रदेश के सामने पहचान का संकट खड़ा किया था युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया था।

सपा सरकार पर योगी ने साधा निशाना 

सीएम योगी ने कहा  जिन लोगों को अवसर मिला उन लोगों ने अपनी अराजक गतिविधियों , भ्रष्टाचार गतिविधियों से पहचान का संकट खड़ा किया और फिर प्रदेश को दंगों की आग में झोंकने का काम भी किया, शांति पूर्ण माहौल में लोगों को आपस में लड़ाने का काम किया। पहले जाति को जाति से लड़ाया फिर मत, मजहब को लड़ाया, जब शांति और सौहार्द नहीं होगा तो निवेश कैसे आएगा?और आज ये लोग फिर से नए रंग रूप में प्रदेश की जनता के सामने आना चाहते हैं।

बुलडोजर एक्शन पर फिर बोले योगी आदित्यनाथ 

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बुलडोजर पर हर व्यक्ति के हाथ फिट नहीं हो सकते इसके लिए दिल और दिमाग दोनों चाहिए। बुलडोजर जैसी क्षमता, और दृढ़ प्रतिज्ञा जिसमें हो, वही बुलडोजर चला सकता है, दंगाइयों के सामने नाक रगड़ने वाले लोग बुलडोजर के सामने वैसे ही पस्त हो जाएंगे।

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews