अयोध्या राम मंदिर की दान राशि की चोरी का मामला अब राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है। जांच को लेकर विभिन्न दलों के नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इस बीच, गहलोत ने अयोध्या राम मंदिर दान विवाद, राजस्थान सरकार और अन्य मामलों पर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां-जहां बीजेपी की सरकारें हैं, वहां चारों ओर हाहाकार मचा हुआ है। उन्होंने ऐसी लूट पहले कभी न देखी, न सुनी और न समझी। गहलोत के अनुसार, हालात बहुत गंभीर हैं और एक के बाद एक घोटाले सामने आ रहे हैं। उन्होंने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री का नाम भी इसमें शामिल होने की बात कही। उनके पास इन सवालों का जवाब नहीं है। या तो वे बिल्कुल चुप रहते हैं या फिर सिर्फ औपचारिकता पूरी करते हैं।
राजस्थान में भ्रष्टाचार ने पार की सभी सीमाएं: अशोक गहलोत
अशोक गहलोत ने राजस्थान में भी भ्रष्टाचार की सीमाएं पार होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि गांव से लेकर जयपुर तक लोग दुखी हैं। राज्य में हत्याएं, रेप और डकैती जैसी घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे आम आदमी परेशान है। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि मौजूदा मुख्यमंत्री को इन हालात को समझना चाहिए और इन्हें ठीक करने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने विपक्ष की ओर से नैतिक समर्थन देने की बात कही। गहलोत ने स्पष्ट किया कि उनकी मुख्यमंत्री से कोई दुश्मनी नहीं है। उन्होंने सलाह दी कि विपक्ष का सहयोग लिया जाए, क्योंकि स्थिति बहुत नाजुक है और हाथ से निकलती जा रही है।
FIR की मांग के बीच गोविंद डोटासरा के बचाव में उतरे अशोक गहलोत
बीजेपी नेता किरोड़ी लाल मीणा ने राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद डोटासरा पर आरोप लगाए थे। मीणा ने कहा था कि डोटासरा ने गैर-क्रीमी लेयर सर्टिफिकेट का गलत इस्तेमाल कर परिवार के सदस्यों को राजस्थान प्रशासनिक सेवा में नौकरी दिलाई। इस मामले में किरोड़ी लाल मीणा ने एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी। इस आरोप पर अशोक गहलोत ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राजनीति में बिना तथ्यों के झूठे आरोप नहीं लगाने चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि अगर किसी के पास सबूत हैं, तो उन्हें उसी आधार पर बात करनी चाहिए।
गहलोत ने किरोड़ी लाल मीणा की कार्यशैली पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि मीणा सरकार में न होने पर भी लगातार आरोप लगाते थे, और अब भी वे यही कर रहे हैं। यह उनकी कार्यशैली बन गई है, और राज्य कांग्रेस अध्यक्ष पर बिना तथ्यों के आरोप लगाना उचित नहीं है। पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि राजस्थान में ये तो सिर्फ मुखौटे हैं। उन्होंने दावा किया कि यहां असली राज राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) चला रहा है। गहलोत के अनुसार, ट्रांसफर, पोस्टिंग और भ्रष्टाचार सब वहीं से नियंत्रित होता है। उन्होंने चेतावनी दी कि राजस्थान के हालात बहुत गंभीर हैं। पूर्व मुख्यमंत्री ने भविष्यवाणी की कि इस बार राजस्थान में ऐसी स्थिति बनेगी कि जनता अगली बार सरकार बदल कर रहेगी।





