छोटी दिवाली पर इस प्रकार करें मां काली की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त और महत्व

छोटी दिवाली पर इस प्रकार करें मां काली की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त और महत्व

Kali Puja 2023 : मां काली का रूप हिन्दू धर्म में देवी पार्वती का एक रौद्र रूप है, जिन्होंने भगवान शिव की परिश्रमिता भवती के रूप में अपनी तपस्या की थी। मां काली जो भयंकर और विनाशकारी होते हैं। मां काली का विशेष महत्व हिन्दू तंत्र शास्त्र में है, जहाँ पूजा और साधना के माध्यम से उनका प्राप्ति किया जाता है। उन्हें कालिका, कालिका माता या काली माता के नामों से भी जाना जाता है। मां काली का पूजन आध्यात्मिक उन्नति, भक्ति और आत्मा के अंधकार से मुक्ति की दिशा में मदद करने के लिए किया जाता है।

इस रूप में मां काली को एक भयंकर स्वरूप में दर्शाया जाता है, जिनके पास दस्ती और एक खोपड़ी होती है, जो विनाशकारी शक्तियों की प्रतीक होती है। दिवाली के उत्सव के दौरान भारत में मां काली की पूजा भी महत्वपूर्ण होती है। दिवाली के पहले दिन को “छोटी दिवाली” या “नरक चतुर्दशी” के नाम से जाना जाता है और इस दिन मां काली की पूजा की जाती है। मां काली की पूजा को विभिन्न प्रांतों में अलग-अलग तरीके से मनाया जाता है।

शुभ मुहूर्त

कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी 11 नवंबर 2023 को दोपहर 01 बजकर 57 मिनट पर शुरू होगी और 12 नवंबर 2023 को दोपहर 02 बजकर 44 मिनट पर समाप्त होगी। इस दिन मां काली की पूजा का आयोजन किया जाता है। लोग अपने घरों को सजाते हैं धूप, दीप, और प्रसाद के साथ मां काली की आराधना करते हैं।

महत्व

मां काली का अद्वितीय रूप वेद, पुराण और तंत्र शास्त्रों में प्रमुख है। वे उग्र और रौद्र रूप में प्रसिद्ध हैं। दुष्टों और अधर्म के खिलाफ खड़ी होती हैं। उन्होंने अनेक दुष्टों और राक्षसों का नाश किया था, जैसे कि नरकासुर का विनाश। काली चौदस या छोटी दिवाली को मां काली की पूजा और साधना करने का समय माना जाता है। यह कई लोगों के लिए अहम दिन होता है। काली माता की पूजा से भक्त अपनी रूखी-सूखी समस्याओं से मुक्ति प्राप्त कर सकते हैं जैसे कि रोग, काला जादू और राहु-शनि दोष से मुक्ति। इसके अलावा, मां काली की साधना तंत्रिक परंपराओं में भी महत्वपूर्ण है और कई साधक उनकी उपासना करते हैं ताकि वे अपने उद्देश्यों को प्राप्त कर सकें।

(Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है। MP Breaking News किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।)

Sanjucta Pandit
लेखक के बारे में
Sanjucta Pandit

सीनियर कंटेंट राइटर · डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन, बीए. 2022 से MP Breaking News में; पहले लाइव इंडिया, VIP News Channel और Khabar Bharat में कार्य.

मैं संयुक्ता पंडित वर्ष 2022 से MP Breaking में बतौर सीनियर कंटेंट राइटर काम कर रही हूँ। डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन और बीए की पढ़ाई करने के बाद से ही मुझे पत्रकार बनना था। जिसके लिए मैं लगातार मध्य प्रदेश की ऑनलाइन वेब साइट्स लाइव इंडिया, VIP News Channel, Khabar Bharat में काम किया है। पत्रकारिता लोकतंत्र का अघोषित चौथा स्तंभ माना जाता है। जिसका मुख्य काम है लोगों की बात को सरकार तक पहुंचाना। इसलिए मैं पिछले 5 सालों से इस क्षेत्र में कार्य कर रही हुं। View all posts by Sanjucta Pandit →
Follow Us :GoogleNews