योगिनी एकादशी में कुछ दिन शेष, जरूर करें ये 4 उपाय, बरसेगी नारायण की कृपा, होगी धन वर्षा, ऐसे करें पूजा

योगिनी एकादशी में कुछ दिन शेष, जरूर करें ये 4 उपाय, बरसेगी नारायण की कृपा, होगी धन वर्षा, ऐसे करें पूजा

Yogini Ekadashi 2023: आषाढ़ माह की कृष्ण पक्ष की एकादशी को योगिनी एकादशी के नाम से जाना जाता है। इस भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना की जाती है। मान्यताएं हैं इस दिन व्रत रखने से सभी पापों से मुक्ति मिलती है। साथ ही 88000 ब्राह्मणों को भोजन कराने के बराबर फल प्राप्त होता है। इस बार योगिनी एकादशी का व्रत 14 जून बुधवार को रखा जाएगा।

एकादशी तिथि की शुरुआत 13 जून मंगलवार सुबह 9:28 बजे से होगी और समापन 14 जून सुबह 8:48 बजे होगा।। योगिनी एकादशी के दिन कुछ उपायों को करना बेहद शुभ माना जाता है। ऐसा करने से घर परिवार में हो रहा क्लेश खत्म होता है। धन और अन्न का भंडार सदैव भरा रहता है और घर में माता लक्ष्मी का वास होता है।

करें ये उपाय

  • योगिनी एकादशी के दिन पूजा और आरती करने के बाद 7 तेज पत्ते घर में जलाएं इसके बाद धुएं को घर में फैलाएं। ऐसा करने से घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर हो जाती है
  • इस दिन तुलसी कवच का पाठ करना बेहद शुभ माना जाता है। ऐसा करने सेज धन में वृद्धि होती है और समाज में मान-सम्मान बढ़ता है।
  • योगिनी एकादशी के दिन तुलसी की वेदिका पर घी का दीपक जलाना बेहद ही फलदायी माना जाता है। तुलसी के सामने दीपक जलाकर पांच से ग्यारह बार परिक्रमा करें। कहते हैं ऐसा करने से धन और समृद्धि में वृद्धि होती है।
  • धन लाभ के लिए योगिनी एकादशी के दिन पीले चाव,  केला, चने की दाल, गुड़ और पीले वस्त्र इत्यादि का दान करें।

    ऐसे करें पूजा

    • योगिनी एकादशी के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान कर लें और स्वच्छ पीले रंग के वस्त्र धारण करें।
    • भगवान विष्णु का ध्यान करते हुए व्रत का संकल्प लें और धूप-दीप प्रज्वलित करें।
    • विधिपूर्वक भगवान विष्णु की पूजा करें।
    • भगवान विष्णु को भोग अर्पित करें।
    • माता लक्ष्मी की पूजा भी करें।
    • एकादशी व्रत की कथा पढ़ें और सुनें।
    • आरती के बाद भगवान विष्णु का ध्यान करते हुए व्रत का पालन करें।
    • अगले दिन द्वादशी तिथि पर सुबह जल्दी उठकर स्नान कर पूजा करें।
    • ब्राह्मणों और जरूरतमंदों को भोजन करवाएं और दान दक्षिणा के बाद पारण करें।

    (Disclaimer: इस आलेख का उद्देश्य केवल जानकारी साझा करना है, जो मान्यताओं पर आधारित है। MP Breaking News इन बातों की पुष्टि नहीं करता।)

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews