भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी की सीरीज़ के बाद एक अहम निर्णय लेते हुए विदेशी दौरों पर खिलाड़ियों के परिवारों की उपस्थिति को सीमित करने का नियम बनाया था। इस नियम को लेकर लंबे समय तक बहस चली। कुछ बड़े खिलाड़ियों ने इसे गलत बताया, जबकि कई ने समर्थन भी किया। वहीं अब भारतीय टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने बीसीसीआई के इस नियम का समर्थन किया है। जानिए आखिर यह पूरा मामला क्या है।
जानकारी के अनुसार, बीसीसीआई ने यह नियम 2024-25 में खेली गई बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के बाद लागू किया था। दरअसल, ऑस्ट्रेलिया से मिली करारी हार के बाद भारतीय टीम पर कई तरह के सवाल उठे थे। बीसीसीआई ने निर्णय लिया कि 45 दिन या उससे अधिक लंबी यात्रा में खिलाड़ियों का परिवार केवल दो हफ्ते तक ही साथ रह सकेगा, जबकि अगर दौरा इससे छोटा होता है, तो खिलाड़ी का परिवार केवल एक सप्ताह तक साथ रह पाएगा।
इंग्लैंड के खिलाफ खेली जा रही एंडरसन-तेंदुलकर ट्रॉफी से पहले भारतीय टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने चेतेश्वर पुजारा के साथ एक खास बातचीत में खिलाड़ियों के परिवार को सीमित रखने के बीसीसीआई के फैसले का समर्थन किया।
जानिए हेड कोच गौतम गंभीर ने क्या कहा?
गौतम गंभीर ने कहा था कि परिवार ज़रूरी है, लेकिन सभी को यह बात भी समझनी होगी कि आप दौरे पर एक मकसद के लिए होते हैं, यह कोई छुट्टी नहीं है। आप एक बड़े उद्देश्य के लिए वहां जाते हैं। ड्रेसिंग रूम में या इस दौर में बहुत कम लोग होते हैं जिन्हें देश को गौरवांवित करने का बड़ा अवसर मिलता है। हालांकि, मैं परिवार के साथ न होने के खिलाफ नहीं हूं।
बता दें कि जब बीसीसीआई ने यह नियम बनाए थे तो इस पर कई तरह के गंभीर सवाल खड़े हुए थे। कई खिलाड़ियों ने इस पर आपत्ति जताई थी। इसके बाद रोहित शर्मा की एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का वीडियो भी वायरल हुआ था। हालांकि कुछ समय से यह मामला शांत नजर आ रहा था, लेकिन चेतेश्वर पुजारा के साथ इस खास बातचीत ने इस विषय को फिर से चर्चा में ला दिया।
परिवार का होना ज़रूरी है: गौतम गंभीर
गौतम गंभीर का मानना है कि परिवार का होना ज़रूरी है, लेकिन अगर आपका ध्यान देश पर है तो आपकी भूमिका बाकी कई चीजों से बड़ी होनी चाहिए, क्योंकि आपका लक्ष्य प्रतिबद्ध होता है। गंभीर ने कहा, “मुझे लगता है कि बाकी सब ठीक है, लेकिन मेरे लिए वह उद्देश्य और लक्ष्य किसी भी अन्य चीज़ से ज़्यादा महत्वपूर्ण है।”
इस दौरान गौतम गंभीर ने पुजारा के एक मजेदार सवाल का भी जवाब दिया। दरअसल, चेतेश्वर पुजारा ने उनसे पूछा कि वह मैचों के बीच में कैसे आराम करते हैं। इस पर गंभीर ने कहा, “यह एक कठिन सवाल है, लेकिन मैं नहीं जानता कि मैं कैसे आराम करता हूं, क्योंकि मैं कभी आराम नहीं करता। यह कभी-कभी बहुत मजेदार भी लगता है।”





