पुलिसकर्मियों को रेत परिवहन में सहयोग करना पड़ा महंगा, एसपी ने किया निलंबित

पुलिसकर्मियों को रेत परिवहन में सहयोग करना पड़ा महंगा, एसपी ने किया निलंबित

टीकमगढ़।आमिर खान। एक ओर जहां इस समय कोरोना जैसी खतरनाक बीमारी से लड़ने में अपनी अहम भूमिका पुलिस निभा रही है, वहीं दूसरी टीकमगढ़ में दो पुलिसकर्मियों ने लॉक डाउन के दौरान अवैध रेत परिवहन जैसे घिनौने कृत्य में शामिल होकर पुलिस पर सवाल खड़े किए हैं। फिलहाल टीकमगढ़ पुलिस कप्तान ऐसे घटनाक्रमों को लेकर तत्काल कार्यवाही करने में माहिर हैं। इसका ही परिणाम इन दो पुलिसकर्मियों को भुगतना पड़ा और एसपी अनुराग सुजानिया ने दोनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर, सात दिवस में जांच रिपोर्ट मांगी है। इस कार्यवाही के बाद से टीकमगढ़ पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार गुरुवार की शाम 7:30 बजे जब एक चार पहिया वाहन रेलवे ब्रज के पास से गुजर रहा था, जिसमें रेत भरी हुई थी। इसी दौरान इस वाहन पर खनिज अधिकारी प्रशांत तिवारी की नजर पड़ी और उन्होंने अपना वाहन भी इसके पीछे लगाया, वाहन को रोकने की कोशिश किंतु, वाहन चालक ने वाहन न रोकते हुए उसकी स्पीड बढ़ा दी, लेकिन खनिज अधिकारी ने इसका पीछा किया और गृहस्थी बाजार के पास वाहन को रोक लिया। वाहन रोकने के जब वह इसके कागजात चैक करने में लगे थे। इसी दौरान दो व्यक्ति वहां पहुंचे, जिसमें से एक के पास पुलिस का वायरलेस सिस्टम था और खनिज अधिकारी से इन दोनों ने वाहन को जाने की बात कही। फिलहाल मौके पर खनिज अधिकारी के साथ कोई भी कर्मचारी न होने के चलते यह दोनों लोग वहां से रेत से भरे वाहन को निकालने में कामयाब हो गए। वाहन जाने के बाद खनिज अधिकारी ने इसकी लिखित शिकायत देहात थाने में दर्ज कराई। शिकायत के बाद एसपी अनुराग सुजानिया ने तत्काल मामले को गंभीरता से लिया और जांच शुरू कर दी। जांच उपरांत आज जो तथ्य निकलकर सामने आए यह पाया गया कि दोनों व्यक्ति पुलिस के कर्मचारी है। इसमें पहले का नाम सत्येन्द्र सिंह है, जो कांस्टेबल है और पुलिस लाइन में पदस्थ है, वहीं दूसरा नाम गनेश रजक है यह भी पुलिस लाइन में ट्रेड के पद पर है। पुलिस कप्तान अनुराग सुजानिया ने पुलिस की छवि को धूमिल करने वाले दोनों पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित कर जांच के आदेश जारी किए हैं। यहां अहम बात देखने वाली यह है कि पुलिस कप्तान श्री सुजानिया ऐसे लोगों के विरुद्ध एक्शन लेने से पीछे कभी नहीं हटते है उनका यह मानना है कि भ्रष्टाचार पुलिस विभाग में मै बर्दास्त नहीं कर सकता।

इनका कहना
मुझे मामले कि जैसे ही सूचना मिली, मैंने तत्काल पता लगाकर दोनों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर जांच के आदेश दे दिए हैं। इस तरह के कृत्य करने वाले दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
अनुराग सुजानिया
एसपी, टीकमगढ़

Gaurav Sharma
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