लोकप्रिय टीवी शो ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में ‘भिड़े’ का किरदार निभाने वाले मंदार चंदवाडकर उज्जैन पहुंचे, जहां उन्होंने बाबा महाकाल के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। महाकाल मंदिर में दर्शन के दौरान मंदार काफी भावुक नजर आए।
मंदार चंदवाडकर ने बताया कि महाकाल के दर्शन के बाद ही उनकी जिंदगी बदल गई थी। उन्होंने कहा कि जब वह पहले उज्जैन आए थे और बाबा महाकाल के दर्शन कर इंदौर पहुंचे, तभी उन्हें ऑडिशन के लिए फोन आया था।
महाकाल दर्शन के बाद मिला था बड़ा मौका
मंदार चंदवाडकर ने कहा कि बाबा महाकाल की कृपा उनके जीवन में हमेशा बनी रही है। उन्होंने बताया कि महाकाल मंदिर में दर्शन करने के बाद उनका आत्मविश्वास और भी बढ़ गया था। इसके कुछ समय बाद उन्हें ऑडिशन के लिए कॉल आया और फिर उनका चयन हो गया।
उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि उस समय उन्हें अंदाजा भी नहीं था कि यह शो उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल देगा। आज देशभर में बच्चे से लेकर बुजुर्ग तक उन्हें ‘भिड़े’ के नाम से पहचानते हैं। मंदार ने कहा कि यह सब बाबा महाकाल के आशीर्वाद और दर्शकों के प्यार की वजह से संभव हुआ।
तीसरी बार महाकाल के दरबार पहुंचे मंदार
मंदार चंदवाडकर ने बताया कि यह उनका तीसरा महाकाल दौरा है। उन्होंने कहा कि उज्जैन और बाबा महाकाल से उनका खास जुड़ाव है। जब भी उन्हें समय मिलता है, वह यहां दर्शन के लिए जरूर आते हैं।
महाकाल मंदिर में दर्शन के दौरान मंदार बेहद शांत और भक्तिमय अंदाज में नजर आए। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर में मौजूद कई श्रद्धालुओं ने उनके साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं। मंदार ने कहा कि महाकाल मंदिर में आने के बाद मन को अलग ही शांति मिलती है। यहां का माहौल और बाबा के दर्शन इंसान को अंदर से मजबूत बना देते हैं।
‘भिड़े’ बनकर मिला लोगों का प्यार
मंदार चंदवाडकर ने कहा कि लोग अब उन्हें उनके असली नाम से कम जानते हैं। जहां भी वह जाते हैं, लोग उन्हें ‘भिड़े’ कहकर बुलाते हैं। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए बहुत बड़ी खुशी की बात है कि पिछले 18 सालों से दर्शक उन्हें इतना प्यार दे रहे हैं।
उन्होंने दर्शकों का आभार जताते हुए कहा कि किसी कलाकार के लिए सबसे बड़ी ताकत लोगों का प्यार होता है। उन्होंने कहा कि इतने सालों बाद भी लोगों का वही स्नेह मिलना उनके लिए किसी आशीर्वाद से कम नहीं है।
पत्नी स्नेहल ने की महाकाल मंदिर की तारीफ
मंदार चंदवाडकर की पत्नी स्नेहल चंदवाडकर भी उनके साथ महाकाल मंदिर पहुंचीं। उन्होंने मंदिर प्रशासन की व्यवस्थाओं की जमकर तारीफ की। स्नेहल ने कहा कि मंदिर में दर्शन की व्यवस्था काफी अच्छी है। कहीं भी धक्का-मुक्की जैसी स्थिति नहीं दिखी और सभी श्रद्धालुओं को आराम से दर्शन करने का मौका मिल रहा था।






