ईद के त्योहार के मद्देनजर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। अलविदा जुमे की नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होने के बाद अब पुलिस का पूरा ध्यान ईद पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर केंद्रित है। शहर में शांति और सौहार्द सुनिश्चित करने के लिए, खासकर बाइक स्टंट और तेज रफ्तार से वाहन चलाने वालों के खिलाफ एक बड़ा अभियान शुरू किया गया है।
जॉइंट पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) बबलू कुमार ने सुरक्षा तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ समय से युवाओं द्वारा बाइक स्टंट करने की खबरें सामने आ रही थीं, जिससे हादसों का खतरा बना रहता है। इसे देखते हुए पुलिस ने सख्त कदम उठाए हैं।
संवेदनशील इलाकों में खास टीमें तैनात
पुलिस ने शहर के सभी संवेदनशील स्थानों (हॉटस्पॉट) की पहचान कर ली है, जहाँ विशेष टीमों को तैनात किया गया है। इन इलाकों में बैरियर लगाकर सघन चेकिंग की जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य तेज रफ्तार बाइकर्स, बिना साइलेंसर वाली मोटरसाइकिलों और खतरनाक स्टंट करने वाले युवाओं पर कार्रवाई करना है।
“हमने सभी संबंधित पक्षों और धार्मिक नेताओं के साथ बातचीत भी की है और उनके साथ तालमेल बिठाया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि हर त्योहार सही और शांतिपूर्ण तरीके से मनाया जाए।”- बबलू कुमार, जॉइंट पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था)
इसके अलावा, पुलिस ने रमजान के पूरे महीने में धार्मिक स्थलों का दौरा कर पुराने विवादों की समीक्षा की है और उन्हें सुलझाने का प्रयास किया है।
QRT और मोबाइल पेट्रोल यूनिट की तैनाती
सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए, मोबाइल पेट्रोल यूनिट और क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) को भी तैनात किया गया है। पुराने शहर के इलाकों, जहां नमाज के लिए बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा होते हैं, वहां सेक्टर और जोन के हिसाब से सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। अधिकारियों ने बताया कि आयोजकों और धर्मगुरुओं से लगातार संवाद बनाए रखा गया है।
जॉइंट कमिश्नर ने यह भी कहा, “हम लगातार सोशल मीडिया पर नजर रख रहे हैं, ताकि अगर किसी भी तरह की कोई अफवाह या भ्रामक खबर फैलाई जाती है, तो हम उस पर तुरंत कार्रवाई कर सकें। हमारा लक्ष्य जनता के सहयोग से त्योहार को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराना है।”





