इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 का मुख्य कार्यक्रम उत्तर प्रदेश के झांसी में आयोजित किया गया। इस महत्वपूर्ण अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झांसी में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में हिस्सा लिया और योगाभ्यास में सक्रिय रूप से भाग किया। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर झांसी में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मौजूद लोगों को संबोधित किया। अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने खास तौर पर कहा कि स्वस्थ शरीर से ही स्वस्थ समाज बनता है।
दरअसल उन्होंने सभी को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं भी दीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने आयुष पत्रिका का भी विमोचन किया, जो योग और आयुर्वेद के महत्व को बताती है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी आभार जताया, जिनके प्रयासों से योग को दुनिया भर में पहचान मिली है।
CM योगी ने योग करने के अलग-अलग फायदों के बारे में बताया
मुख्यमंत्री ने इस दौरान योग करने के अलग-अलग फायदों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि एक स्वस्थ शरीर के जरिए ही जीवन के चारों पुरुषार्थ धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष को पूरा किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि अगर शरीर स्वस्थ नहीं है, तो जीवन के इन महत्वपूर्ण लक्ष्यों को पूरा करने की कल्पना भी नहीं की जा सकती। उन्होंने यह भी बताया कि इस वर्ष के अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ रखी गई है, जो योग के लंबे समय तक मिलने वाले स्वास्थ्य लाभों पर आधारित है।
शरीर योग से मजबूत और स्वस्थ होता है: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों को योग के महत्व के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि जिसका शरीर योग से मजबूत और स्वस्थ होता है, उसे न तो कोई रोग आसानी से घेरता है, न कोई बीमारी परेशान करती है और न ही बुढ़ापा जल्दी असर दिखाता है। मुख्यमंत्री ने साफ संदेश दिया कि अगर कोई व्यक्ति इन तीनों स्थितियों – रोग, बीमारी और बुढ़ापे – से बचना चाहता है, तो उसे योग को अपनी रोजमर्रा की दिनचर्या का जरूरी हिस्सा बनाना होगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि उत्तर प्रदेश में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के कार्यक्रम केवल झांसी के मुख्य कार्यक्रम तक सीमित नहीं थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सभी 57,000 ग्राम पंचायतों, सभी 825 विकासखंड मुख्यालयों, सभी 350 तहसीलों और सभी 762 नगर निकायों में भी सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन बड़े आयोजनों में प्रदेशभर के लाखों लोगों ने उत्साह के साथ भाग लिया और योग के प्रति अपनी आस्था और जुड़ाव को फिर से मजबूत किया।






