प्रयागराज में चल रहे माघ मेले में बुधवार को आग लगने की एक और घटना हुई, जिससे श्रद्धालुओं में अफरा-तफरी मच गई। यह पिछले 24 घंटों में मेले में आगजनी की दूसरी बड़ी घटना है। सेक्टर-4 में संगम लोअर मार्ग पर स्थित ब्रह्माश्रम शिविर में शाम को भीषण आग लग गई। आग की लपटें और धुआं इतना घना था कि उसे करीब 5 किलोमीटर दूर से भी देखा जा सकता था।
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की 8 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने के काम में जुट गईं। अधिकारियों के मुताबिक, इस घटना में शिविर के दो टेंट पूरी तरह जलकर राख हो गए। हालांकि, गनीमत यह रही कि इस अग्निकांड में किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। सुरक्षा के लिए पूरे इलाके को सील कर दिया गया।
दीये की वजह से फैली आग
अग्निशमन अधिकारी अनिमेष सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शिविर में जल रहा एक दीया था। फूस और कपड़े के टेंट होने के कारण आग तेजी से फैली।
“यह आग शिविर में लगे दीये की वजह से लगी थी। फूस और कपड़े में आग लगने के बाद तेजी से आसपास के शिविरों में फैल गई। कोई हताहत नहीं हुआ है, 2 टेंट में आग लगी थी।” — अनिमेष सिंह, अग्निशमन अधिकारी
एक दिन पहले भी हुआ था बड़ा अग्निकांड
इससे ठीक 24 घंटे पहले मंगलवार शाम को सेक्टर-5 स्थित नारायण शुक्ला धाम शिविर में भी आग लग गई थी। उस घटना का कारण शॉर्ट सर्किट बताया गया था। उस आगजनी में 15 टेंट और आसपास की 20 दुकानें जल गई थीं, और एक कल्पवासी भी झुलस गए थे। दमकल की 5 गाड़ियों ने करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था।
नारायण धाम शिविर में 50 से ज़्यादा कल्पवासी ठहरे हुए थे, जिन्हें समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। इस घटना के बाद सीएम योगी के खास सतुआ बाबा भी मौके पर पहुंचे थे और अधिकारियों से जानकारी ली थी।





