उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित सिद्धपीठ मां शाकुंभरी देवी मंदिर में गुरुवार की देर रात प्रकृति का ऐसा रौद्र रूप देखने को मिला, जिसने भक्तों को संभलने का मौका तक नहीं दिया। दरअसल शिवालिक पहाड़ियों में हुई मूसलाधार बारिश के चलते नदी के खोल में अचानक इतना भीषण बहाव आ गया कि मंदिर परिसर में मौजूद कई श्रद्धालु और उनके वाहन पानी के तेज वेग में बह गए, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वहीं इस हृदय विदारक घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभाला और राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया।
वहीं इस भयावह सैलाब में अब तक एक महिला का शव बरामद किया जा चुका है, जिसकी पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है, वहीं तीन मासूम बच्चे अभी भी लापता बताए जा रहे हैं, जिनके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे अपनों की एक झलक पाने की आस में टकटकी लगाए बैठे हैं। पानी का वेग इतना प्रचंड था कि उसने अपने साथ भारी-भरकम ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को भी तिनके की तरह बहा लिया। कई अन्य वाहन भी इस भयंकर बहाव की चपेट में आकर अभी तक लापता हैं, जिनकी तलाश में रेस्क्यू टीमें दिन-रात एक कर रही हैं। हताहतों की संख्या को लेकर अभी कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन आशंका है कि यह आंकड़ा और बढ़ सकता है।
अचानक पहाड़ियों से बहाव आया
दरअसल गुरुवार रात करीब 12 बजे अचानक शिवालिक पहाड़ियों से तेज बारिश का सिलसिला शुरू हुआ, जिसके बाद खोल नदी में इतनी तेजी से पानी का स्तर बढ़ा और बहाव आया कि किसी को भी बचाव का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते मंदिर परिसर और आसपास का इलाका जलमग्न हो गया, और जो जहां था वहीं फंसा रह गया या फिर पानी की तेज धार में बह गया। बरामद हुई महिला का शव घटना स्थल से करीब एक किलोमीटर दूर मिला, जो इस बात का प्रमाण है कि पानी का बहाव कितना दूर तक लोगों और सामान को बहाकर ले गया था। इस भीषण हादसे के बाद मंदिर परिसर में चारों ओर चीख-पुकार मच गई और स्थानीय लोगों ने भी अपनी जान जोखिम में डालकर कई श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का सराहनीय कार्य किया।
टीमें लापता लोगों की तलाश कर रही
वहीं शुक्रवार की सुबह भी जिला प्रशासन की टीमें लापता लोगों की तलाश में लगातार जुटी हुई थीं। नदी का पानी उतरने के बाद अब कई वाहन स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं, जिन्हें सुरक्षित बाहर निकालने का काम जारी है। वहीं, बरामद हुए महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है ताकि आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा सके। इस हादसे के बाद मंदिर दर्शन के लिए पहुंचे श्रद्धालु और उनके परिजन सदमे में हैं और अपनों को खोने के गम में उनका रो-रोकर बुरा हाल है, जिनकी आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।






