
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए बड़ी घोषणा की है। बुधवार को लखनऊ के अटल बिहारी वाजपेयी साइंटिफिक कन्वेंशन सेंटर में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्टफोन वितरण और उनके मानदेय में वृद्धि की घोषणा की। यह कदम ‘स्वस्थ नारी सशक्त परिवार अभियान’ और आठवें राष्ट्रीय पोषण माह के शुभारंभ के मौके पर उठाया गया, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश के धार से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शुरू किया।
इस अभियान के तहत उत्तर प्रदेश के 75 जनपदों में 20,324 स्वास्थ्य शिविर शुरू किए गए हैं, जहां महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इन शिविरों में रक्त, ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, कैंसर, एनीमिया और टीबी की निशुल्क जांच की जाएगी। सीएम योगी ने कहा कि यह 15 दिवसीय अभियान न केवल जांच बल्कि निशुल्क उपचार का भी माध्यम बनेगा, जिसमें गर्भवती महिलाओं की देखभाल और बच्चों के टीकाकरण पर जोर दिया जाएगा।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मेहनत की सराहना
मुख्यमंत्री ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मेहनत की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सेवाओं का सम्मान बढ़े हुए मानदेय और स्मार्टफोन के जरिए किया जाएगा। इसके साथ ही उनकी ट्रेनिंग और समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें। योगी ने नारी सशक्तीकरण की दिशा में सरकार के प्रयासों का जिक्र करते हुए बताया कि कन्या सुमंगला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और सामूहिक विवाह योजना जैसी योजनाओं से महिलाओं को सशक्त बनाया जा रहा है।
स्वास्थ्य सरकार की है प्राथमिकता
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि माताओं, बहनों और बेटियों का स्वास्थ्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने देश को विकसित बनाने के लिए नारी शक्ति को मुख्य आधार बताया। उत्तर प्रदेश में 1.89 लाख आंगनबाड़ी केंद्रों और 10 लाख महिला स्वयं-सहायता समूहों के माध्यम से 1 करोड़ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का दावा किया गया। सीएम योगी ने पीएम मोदी के 75वें जन्मदिन पर उन्हें बधाई दी और उनके विजन को लागू करने की प्रतिबद्धता जताई।
