विधायक ने शिवराज को लिखा पत्र, ग्रामीण इलाकों में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग

विधायक ने शिवराज को लिखा पत्र, ग्रामीण इलाकों में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग

अलीराजपुर/यतेंद्रसिंह सोलंकी

लॉक डाउन के दौरान गांवों और कस्बों में विद्युत व्यवस्था दुरुस्त रखने की मांग को लेकर अलीराजपुर विधायक मुकेश पटेल ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होने बताया कि कोविड 19 कोरोना वायरस जैसी विश्वव्यापी महामारी के चलते पूरे देश में लॉक डाउन है लेकिन इसी समय मेरे जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में फसलों को मसने का कार्य चल रहा है और अधिकतर किसान सब्जी और फल फूल की खेती भी करते हैं। परंतु ग्रामीण आदिवासियों की फसल विद्युत की सप्लाई सही तरह से नहीं मिलने के कारण गेंहू, चना आदि अनाज विद्युत थ्रेसरों द्वारा निकालने का कार्य नहीं हो पा रहा है। इसी के साथ  आए दिन आकस्मिक कारणों से खलिहानों में आग लगने के कारण किसानों की फसलों का नुकसान हो रहा है।

पत्र में उन्होने लिखा है कि हमारा जिला अधिकतर कृषि और मजदूरी पर निर्भर है। कोरोना महामारी के चलते किसानों की मेहनत का अनाज इनकों विकट परिस्थिति में खाने को नहीं मिले ये एक चिंता का विषय है। इसके साथ स्वच्छता, स्वास्थ्य और प्राथमिक सुविधा के लिए जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना वायरस की रोकथाम हेतु गरीब लोगों को रहने, खाने पीने, साफ सफाई, मास्क, सेनेटाईजर आदि संबंधित पंचायतों को उपलब्ध करवाए जिससे ग्रामीण इस विकट परिस्थिति में कोरोना महामारी के प्रकोप से बच सके।

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पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
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