अष्टधातु की शिला का पूजन , 108 सुंदरकांड से पूजा कर अयोध्या भेजी जायेगी शिला

अष्टधातु की शिला का पूजन , 108 सुंदरकांड से पूजा कर अयोध्या भेजी जायेगी शिला

अशोकनगर,हितेंद्र बुधौलिया

आज अयोध्या में भगवान श्री राम के मंदिर के शिलान्यास के साथ ही देशभर में माहौल राममय हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा एक ओर जहां अयोध्या में विधि विधान से मंदिर का शिलान्यास किया, वहीं देश के अन्य भागों में भी कई सारे धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। अशोकनगर में सवा लाख रुपए की कीमत से बनी करीब 10 किलो की अष्टधातु की शिला पूजन का कार्यक्रम स्थानीय तार बाले बालाजी मंदिर में रखा गया। सुंदरकांड के सामूहिक पाठ के बाद शिला पूजन कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसका प्रथम पूजन पूर्व विधायक जजपाल सिंह जज्जी ने किया।

समिति से जुड़े सदस्यों का कहना है कि राम मंदिर से अशोकनगर जिले के लोगों का सीधा जुड़ाव हो सके इसलिए शिला पूजन का कार्यक्रम तय किया है। आज से शुरू हुआ कार्यक्रम आगे कुछ दिन चलेगा ।तय किया गया है कि जिले के 108 मंदिरों में इस रामशिला को ले जाया जाएगा और वहां इसका पूजन किया जाएगा।

राम शिला निर्माण में आर्थिक सहयोग करने बाले एवं प्रछार क्लब के संयोजक पूर्व विधायक जजपाल सिंह जज्जी का कहना है कि भगवान राम देश के लोगों की आस्था के प्रतीक है। सभी लोग राम मंदिर में अपना समर्पण देना चाहते है। इसी बात को  को ध्यान में रखते हुए भावनात्मक रूप से अयोध्या मंदिर से सीधे लोगों को जोड़ने की लेकर अशोकनगर में शिला निर्माण एवं उसके पूजन का कार्यक्रम किया गया है । जज्जी ने कहा कि तार बाले बालाजी मंदिर से शिला पूजन का काम आज शुरू हुआ है, जो आगे कुछ और दिन चलेगा। उनका कहना है कि शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों के सहित 108 मंदिरों में राम शिला की एक भव्य रथ के साथ रथ यात्रा निकाली जाएगी। इसी दौरान शिला जगह जगह शिला पूजन कार्यक्रम रखा जाएगा ताकि लोग सीधे मंदिर निर्माण में अपनी अप्रत्यक्ष उपस्थिति महसूस कर सकें। उन्होंने बताया जिले कि पांच नदियों का जल एवं करीला धाम के जानकी माता मंदिर की मिट्टी भी शिला के साथ अयोध्या ले जाई जाएगी।

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