वैदिक ज्योतिष शास्त्र में शुक्र (Shukra) और चंद्रमा दोनों को एक दूसरे का दुश्मन माना जाता है। समय-समय पर इन दोनों की युति बनती रहती है। मई का महीना भी है खास होने वाला है। चंद्रदेव असुरों के गुरु शुक्र के राशि वृषभ में अस्त होने वाले हैं। इस राशि में दो दिनों विराजमान रहने के बाद शुक्र अस्त अवस्था में ही मिथुन राशि में प्रवेश करेंगे। चंद्रमा के इस चाल (Chandra Gochar) से सभी 12 राशियों का जीवन प्रभावित होगा।
ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को भावनाओं, मानसिक संतुलन, मन, माता इत्यादि का प्रतीक माना जाता है। कुंडली में इसकी स्थिति मजबूत होने से माता के साथ संबंध मजबूत होते हैं। समाज में मान-सम्मान मिलता है। कला और लेखन जैसे क्षेत्रों में रुचि बढ़ती है। यह अच्छी याददाश्त और सामाजिक लोकप्रियता भी भी मिलती है। कमजोर स्थिति नींद से संबंधित समस्याओं और मानसिक अस्थिरता का कारण बन सकती है। आइए जानें शुक्र की राशि में चंद्रदेव के अस्त से किन लोगों को लाभ होगा?
कर्क राशि
कर्क राशि के जातकों के लिए यह समय बेहद लाभकारी साबित हो सकता है। मनोकामनाओं की पूर्ति हो सकती है। कार्य क्षेत्र में आपको मेहनत का फल भी मिल सकता है। भौतिक सुख-सुविधाओं में वृद्धि के योग बन रहे हैं। छात्रों के लिए भी यह समय शुभ रहेगा। पढ़ाई में मन लगेगा। ऊर्जा और आत्मविश्वास देखने को मिलेगी। सेहत से जुड़ी समस्याओं से भी राहत मिल सकती है।
धनु राशि
धनु राशि के जातकों के लिए भी यह समय शुभ रहेगा। शत्रु पक्ष पर विजय प्राप्त हो सकती है। कार्य क्षेत्र में प्रमोशन के योग बन रहे हैं। छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता भी मिल सकती है। इनकम में वृद्धि के योग भी बन रहे हैं। यात्रा की योजना बन सकती है। सेहत के लिए भी यह समय अनुकूल रहेगा।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि के जातकों को भी इस दौरान भाग्य का साथ मिल सकता है। माता के साथ संबंध अच्छे होंगे। घर -परिवार में खुशहाली आएगी। कारोबार में मुनाफा हो सकता है। आर्थिक समस्याओं से भी छुटकारा मिल सकता है। दांपत्य जीवन भी सुखमय होगा। करियर में भी सफलता मिल सकती है।
(अस्वीकरण: यह आलेख ज्योतिष गणना, मान्यताओं, पंचांग समेत विभिन्न माध्यमों पर आधारित है। इसका उद्देश्य केवल सामान्य जानकारी साझा करना है। एमपी ब्रेकिंग न्यूज इन बातों की सत्यता और सटीकता की पुष्टि नहीं करता। न ही भविष्यवाणियों का दावा करता है। विशेषज्ञों की सलाह जरूर लें।)






