भोपाल। मध्य प्रदेश में उपनेता प्रतिपक्ष के पद से इस्तीफा देने के बाद कांग्रेस विधायक हेमंत कटारे का मोबाइल फोन स्विच-ऑफ होने से राजनीतिक गलियारों में अटकलों का बाजार गर्म हो गया था। अब इन तमाम कयासों पर खुद हेमंत कटारे ने अपनी चुप्पी तोड़ी है और एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए स्थिति स्पष्ट की है।
कटारे ने साफ तौर पर कहा है कि उनके फोन न उठाने को किसी राजनीतिक साजिश से जोड़कर न देखा जाए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि वे कांग्रेस पार्टी के एक समर्पित सिपाही हैं और हमेशा रहेंगे।
‘नेता भी इंसान होता है’ – कटारे की सफाई
हेमंत कटारे ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि वे अपनी शादी की सालगिरह के मौके पर परिवार के साथ समय बिता रहे थे, जो उनका एक मूलभूत और संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने इस दौरान फोन बंद रहने को लेकर चल रही चर्चाओं को अनावश्यक बताया।
“कभी-कभी नेता भी इंसान होता है। सोमवार से सदन में पूरी तैयारी, पूरे दस्तावेज और पूरी ताकत के साथ उपस्थित रहूंगा।” — हेमंत कटारे
उन्होंने अपनी पोस्ट में यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस उनके स्वर्गीय पिता की विरासत है और वह पार्टी के साथ पूरी मजबूती से खड़े हैं। कटारे ने कहा, “मैं पद से नहीं, जनता के विश्वास से ताकत लेता हूं।”
क्यों शुरू हुई थीं अटकलें?
दरअसल, भिंड जिले की अटेर विधानसभा सीट से विधायक हेमंत कटारे ने हाल ही में मध्यप्रदेश विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष के पद से इस्तीफा दे दिया था। उनके इस कदम के तुरंत बाद उनका मोबाइल फोन बंद आने लगा, जिसके बाद तरह-तरह के राजनीतिक कयास लगाए जाने लगे। कांग्रेस संगठन ने हालांकि यह स्पष्ट कर दिया था कि कटारे ने केवल पद छोड़ा है, पार्टी की सदस्यता नहीं। इसी बीच, पूर्व विधायक यशपाल सिंह सिसोदिया के एक पोस्ट ने भी चर्चाओं को हवा दी थी, जिसमें उन्होंने पद के साथ मिलने वाले सम्मान और प्रोटोकॉल की बात कही थी।
अब हेमंत कटारे के इस स्पष्टीकरण के बाद यह साफ हो गया है कि वे किसी भी तरह से पार्टी से नाराज नहीं हैं और जल्द ही विधानसभा की कार्यवाही में सक्रिय रूप से सरकार को घेरते नजर आएंगे।
कांग्रेस मेरे स्वर्गीय पिताजी की विरासत है !
और हाँ… मेरे फोन न उठाने पर कृपया भारी-भरकम क़यास ना लगायें। 😃🙏
शादी की सालगिरह पर परिवार के साथ समय बिताना कोई राजनीतिक साज़िश नहीं बल्कि मेरा मूलभूत और संवैधानिक अधिकार भी है।
कभी कभी नेता भी इंसान होता है.🙏
अब ज़रा ध्यान से…— Hemant Satyadev Katare (@HemantKatareMP) February 21, 2026






