बिहार की राजनीतिक सरगर्मियों के बीच बक्सर-भोजपुर स्थानीय प्राधिकार निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद (MLC) उपचुनाव के परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। इस उपचुनाव में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के प्रत्याशी सोनू कुमार राय ने शानदार जीत दर्ज की है। दरअसल उन्होंने जनता दल यूनाइटेड (JDU) के उम्मीदवार कन्हैया प्रसाद को 354 मतों के अंतर से पराजित किया है। यह जीत आरजेडी के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है, खासकर ऐसे समय में जब राजनीतिक माहौल में लगातार बदलाव देखने को मिल रहे हैं।
दरअसल बक्सर-भोजपुर स्थानीय प्राधिकार निर्वाचन क्षेत्र के लिए मतदान मंगलवार को संपन्न कराया गया था। इसके बाद मतों की गिनती गुरुवार, 14 मई, 2026 को की गई। दोपहर में ही परिणाम जारी कर दिए गए, जिसमें सोनू राय की जीत की घोषणा हुई। यह परिणाम बिहार की राजनीति में आरजेडी के बढ़ते प्रभाव को दर्शाता है।
NDA के लिए एक संदेश बताया
राष्ट्रीय जनता दल के प्रत्याशी सोनू राय की जीत के तुरंत बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने इस जीत को भाजपा और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के लिए एक संदेश बताया। तेजस्वी यादव ने अपने एक्स हैंडल पर एक वीडियो बयान जारी कर इस जीत पर खुशी जाहिर की और अपने विचार साझा किए।
अपने बयान में तेजस्वी यादव ने बक्सर-भोजपुर एमएलसी उपचुनाव में आरजेडी के प्रत्याशी सोनू राय की भारी मतों से हुई जीत के लिए अपने दल के सभी नेताओं, कार्यकर्ताओं और मतदाताओं को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इस उपचुनाव में एनडीए को हार का सामना करना पड़ा है, जो कि एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम है।
जानिए तेजस्वी यादव ने क्या कहा?
तेजस्वी यादव ने आगे कहा, “आप सब जानते हैं कि यह चुनाव बैलेट पेपर के माध्यम से संपन्न हुआ है।” उन्होंने बैलेट पेपर से हुए चुनाव के परिणामों पर विशेष बल दिया। आरजेडी नेता ने स्पष्ट रूप से कहा कि यदि चुनाव बैलेट पेपर से कराए जाते हैं, तो भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) या एनडीए कहीं भी टिकने वाली नहीं है। उनका यह बयान मौजूदा चुनावी प्रणाली पर एक सीधा प्रश्नचिह्न लगाता है।
बिहार विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया
उन्होंने अपने इस दावे के समर्थन में बिहार विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया। तेजस्वी यादव ने बताया कि बिहार चुनाव में पोस्टल बैलेट पेपर की गिनती में राष्ट्रीय जनता दल ने 150 से अधिक सीटें जीती थीं। हालांकि, उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार में बैठे लोगों ने मशीन तंत्र, धन-तंत्र और छल-कपट का इस्तेमाल कर उन्हें हराने का काम किया था। उनका यह बयान चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
आरजेडी नेता ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि आज भी अगर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) से गिनती होती है, तो पूरा दिन लग जाता है और कई बार तो रात के एक-दो बज जाते हैं। उन्होंने इस तथ्य पर सवाल उठाया और पूछा कि जब ईवीएम से गिनती में भी उतना ही समय लगता है, तो फिर बैलेट पेपर पर ही वोटिंग क्यों नहीं कराई जाती है। तेजस्वी यादव का यह सवाल चुनावी सुधारों की दिशा में एक महत्वपूर्ण बहस को जन्म देता है।
अंत में, तेजस्वी यादव ने अपने पहले के दावे को दोहराया। उन्होंने कहा कि यदि बैलेट पेपर पर वोटिंग होती है, तो परिणाम आप सब लोग जानते हैं कि एनडीए या भाजपा कहीं भी टिकने वाली नहीं है। यह बयान बक्सर-भोजपुर एमएलसी उपचुनाव की जीत को एक बड़े राजनीतिक संदेश के रूप में प्रस्तुत करता है, जिसमें चुनावी प्रक्रियाओं की निष्पक्षता और परिणामों पर सवाल उठाए गए हैं।






