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खान ग्लोबल स्टडीज फायरिंग मामले में रौशन आनंद को मिली जमानत, भाई प्रिंस की अंत्येष्टि में होंगे शामिल

Written by:Diksha Bhanupriy
Published:
पटना खान ग्लोबल स्टडीज फायरिंग मामले में ज्ञान बिंदु कोचिंग के संचालक रौशन आनंद की जमानत दे दी गई है। बीते दिन उनके भाई प्रिंस का शव संदिग्ध परिस्थिति में नेपाल से बरामद हुआ है।

पटना के खान ग्लोबल स्टडीज के बाहर हुए पथराव और फायरिंग के मामले में आज कोर्ट में सुनवाई रखी गई। इस मामले में ज्ञान बिंदु के संचालक रौशन आनंद को अदालत की ओर से जमानत दे दी गई है।

बता दें कि वो बेउर जेल में बंद थे और अब जमानत पर बाहर आ गए हैं। बता देंगे बीते दिन उनके छोटे भाई प्रिंस यादव की लाश नेपाल की एक होटल में संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुई थी। 2 जून को खान ग्लोबल स्टडीज पर हुए हमले के मामले में रौशन आनंद और उनके भाई प्रिंस को आरोपित बताया गया था।

12 दिन बाद मिली जमानत

इस मामले में 12 जून को कोर्ट में सुनवाई हुई थी। जिसमें दोनों पक्षों के वकीलों के बीच जमकर बहसबाजी देखने को मिली थी। इस मामले में रौशन आनंद के वकील ने कोर्ट के सामने कहा था कि जब नामजद आरोपी फैजल खान उर्फ खान सर को राहत मिल सकती है तो उनके मुवक्किल को जेल में क्यों बंद किया गया है। अधिवक्ता ने कहा था कि रौशन को झूठा फंसाया गया है। ऐसे व्यक्ति की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई है, जो खुद मुख्य आरोपी है। ये भी कहा गया कि घटना से जुड़े जो वीडियो सामने आए हैं और दोनों गार्ड ने जो बयान दिए हैं, उससे साफ हो गया है कि रौशन आनंद इसमें शामिल नहीं हैं। इस मामले में जमानत याचिका पर अदालत में अपना फैसला सुरक्षित रखा था।

संदिग्ध परिस्थिति में मिला प्रिंस यादव का शव

इस पूरे मामले के बीच रविवार को नेपाल के विराटनगर स्थित एक होटल में रोशन आनंद के भाई मृत पाए गए थे। उनके चेहरे पर चोट के निशान दिखाई दे रहे थे और कमरे से मिर्गी की दवा भी बरामद की गई थी। पुलिस ने इस मामले में पांच लोगों को हिरासत में दिया था। आज प्रिंस की अंत्येष्टि सहरसा में की जाएगी जिसमें रोशन आनंद शामिल हो सकते हैं।

प्रिंस की मौत पर गरमाई सियासत

फायरिंग मामला वैसे ही चर्चा में बना हुआ था और इस बीच प्रिंस की मौत ने इसे तूल दे दिया है। इस मामले को लेकर सियासी पारा भी गरमाया हुआ है। राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद के बड़े बेटे तेज प्रताप ने इसे हत्या कर दिया है। वहीं इस मामले में खान सर का कहना है कि उन्हें दुख है। उन्होंने ये भी कहा कि प्रिंस पहले से बीमार चल रहा था, उसे किसी ने नहीं मारा है।

Diksha Bhanupriy
लेखक के बारे में
"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy
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