पटना: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में आंतरिक कलह एक बार फिर सतह पर आ गई है। पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे और जनशक्ति जनता दल के अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने RJD के विधान पार्षद (एमएलसी) सुनील सिंह पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने सुनील सिंह को सीधे तौर पर चुनौती देते हुए कहा कि उनकी हैसियत उनके सामने खड़े होने की भी नहीं है और वह केवल उनके पिता लालू यादव के रहमो-करम पर टिके हुए हैं।
तेज प्रताप ने सुनील सिंह के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें अपनी भाषा सुधारने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा, “सुनील सिंह क्या है? हम तो कहेंगे कि अपनी वाणी को सुधार लीजिए वरना हम तो सुधार ही देंगे।” तेज प्रताप के इस बयान ने बिहार की सियासत में हलचल मचा दी है।
पार्टी में ‘जयचंदों’ ने किया RJD को बर्बाद
तेज प्रताप यादव ने पार्टी की हालिया चुनावी हार का ठीकरा भी पार्टी के अंदर मौजूद कुछ नेताओं पर फोड़ा। उन्होंने किसी का नाम लिए बिना ‘जयचंदों’ का जिक्र किया और कहा कि इन्हीं लोगों ने RJD को बर्बाद कर दिया है।
उन्होंने कहा, “RJD में जो जयचंद हैं, वो सब तो मेरे पिता जी को भी बर्बाद कर दिया। पिता जी (लालू) का भी पार्टी में डिसीजन कहां चलता है। इन्हीं लोगों के कारण RJD 25 सीट पर सिमट गया है और आगे भी जीरो पर आ जाएगा।” तेज प्रताप ने यह भी दावा किया कि उनके द्वारा आयोजित ‘चूड़ा दही भोज’ में जब लालू प्रसाद यादव ने आकर उन्हें आशीर्वाद दिया, तभी से ये ‘जयचंद’ उनके पीछे पड़ गए हैं।
बहन रोहिणी आचार्य के अपमान का आरोप
तेज प्रताप ने सुनील सिंह पर अपनी बहन रोहिणी आचार्य का अपमान करने का भी गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इसी अपमान के कारण रोहिणी अब दोबारा नहीं आएंगी। उन्होंने कहा, “मेरी बहन का भी अपमान किया, रोहिणी आचार्य बहन जो है, अब दोबारा आने वाली नहीं है। सुनील सिंह ने बहन का अपमान किया है।” इस आरोप ने पारिवारिक और राजनीतिक विवाद को और गहरा कर दिया है।
“सुनील सिंह की मेरे सामने खड़े होने की हैसियत नहीं है। उसको ओपन चैलेंज करते हैं कि मेरे सामने खड़ा होकर दिखाओ। मेरे पिता जी के रहमो करम पर खड़ा है। पिता जी की छत्रछाया नहीं रहती तो कोई सुनील सिंह को पहचानता भी नहीं।”- तेज प्रताप यादव
इसके अलावा, तेज प्रताप ने पार्टी के एक पदाधिकारी संजय यादव पर टिकट के बदले पैसे मांगने का सनसनीखेज आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा, “जो रात दिन पार्टी के लिए काम किया, उसको चुनाव में टिकट के लिए पैसे की मांग संजय यादव करते थे, हम जानते हैं, हम रहे हैं वहां, अपनी आंखों से देखे हैं।” उनके इन बयानों से स्पष्ट है कि RJD के भीतर सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है और आने वाले दिनों में यह विवाद और बढ़ सकता है।





