अमेरिका और ईरान के बीच हुए शांति समझौते के बाद वैश्विक बाजारों में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव कम होने से भारतीय सराफा बाजार और मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) में सोने और चांदी की कीमतों उतार-चढ़ाव बना हुआ है। 23 जून 2026 को सोने व चांदी की कीमतों में नरमी देखी गई है।मंगलवार को 24 कैरेट शुद्ध सोना (99.9% शुद्धता) 1,46,500 से ₹1,46,800 प्रति 10 ग्राम के दायरे में कारोबार कर रहा है।
आभूषण बनाने के लिए इस्तेमाल होने वाला 22 कैरेट सोना ₹1,33,900 से ₹1,34,500 प्रति 10 ग्राम के आसपास बना हुआ है। औद्योगिक मांग में सुस्ती और अंतरराष्ट्रीय बाजार के रुख की वजह से घरेलू बाजार में चांदी की कीमत गिरकर ₹2,28,900 से लेकर ₹2,35,000 प्रति किलोग्राम के स्तर पर आ गई है। अलग-अलग शहरों में स्थानीय टैक्स, परिवहन लागत और ज्वेलर्स के मेकिंग चार्ज के कारण इन कीमतों में थोड़ा अंतर देखने को मिल सकता है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 4,170.70 डॉलर प्रति औंस और चांदी 63.990 डॉलर प्रति औन्स पर आ गया। अमेरिकी फेडरल रिजर्व के सदस्यों द्वारा साल 2026 में ब्याज दरों में बढ़ोतरी के संकेत देने के बाद डॉलर इंडेक्स मजबूत होकर 100 के पार निकल गया है। कच्चे तेल की कीमतों में फिर से हल्की बढ़त देखी गई है, जहां ब्रेंट क्रूड 80 डॉलर प्रति बैरल के आसपास और अमेरिकी डब्ल्यूटीआई (WTI) क्रूड 75 डॉलर प्रति बैरल के पार व्यापार कर रहा है। भारतीय बाजार में डॉलर के मुकाबले रुपया 94.63 के स्तर पर कारोबार कर रहा है।
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, वैश्विक स्तर पर डॉलर इंडेक्स में मजबूती और अंतरराष्ट्रीय तनावों के बीच निवेशकों के सतर्क रहने के चलते कीमती धातुओं पर दबाव बना हुआ है। फिलहाल जब तक पश्चिम एशिया में तनाव और अमेरिका-इरान वार्ता की स्थिति पूरी तरह साफ नहीं हो जाती, तब तक कमोडिटी और मुद्रा बाजार में यह उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। हालांकि आने वाले महीनों में त्योहारी सीजन की शुरुआत के साथ ही मांग में दोबारा तेजी आने की संभावना है।
ध्यान रहे कि ऊपर दिए गए सोने-चांदी के भावों में राज्यों के जीएसटी (GST) मेकिंग चार्ज और स्थानीय राज्य कर शामिल नहीं हैं, इसलिए राज्यवार खुदरा दुकान पर अंतिम रेट अलग हो सकते हैं। स्थानीय टैक्स, परिवहन लागत और ज्वेलर्स के मेकिंग चार्ज के कारण अलग-अलग शहरों में कीमतों में मामूली अंतर देखने को मिल सकता है। बता दें कि सर्राफा बाजार और मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) दोनों शनिवार और रविवार को बंद रहते हैं इसलिए शुक्रवार शाम को क्लोजिंग के रेट ही शनिवार व रविवार को चलते हैं।
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