
RBI Action: प्राप्त पूंजी और कमाई की संभावनाएं न होने पर रिजर्व बैंक आफ इंडिया (Reserve Bank Of India) ने एक सहकारी बैंक का लाइसेंस रद्द (Bank License Cancelled) कर दिया है। 27 फरवरी 2024 को जारी किए गए आदेश के जरिए आरबीआई ने सुमेरपुर मर्केंटाइल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सुमेरपुर, पाली, राजस्थान का लाइसेंस कैंसल कर दिया है। बैंक को 28 फरवरी 2024 से बैंकिंग व्यवसाय को बंद करने का आदेश जारी किया गया है। इस संबंध में सहकारी समितियां के रजिस्ट्रार, राजस्थान से भी बैंक को क्लोज करने और इसके लिए परीसमापक नियुक्त करने का अनुरोध भी केंद्रीय बैंक ने किया है।
बैंक को नहीं व्यवसाय की अनुमति
होगी बैंक को गुरुवार से जमा स्वीकार करने और जमा राशि का पुनर्भुगतान करने की अनुमति नहीं होगी। रिजर्व बैंक ने कहा कि, “बैंक के पास पर्याप्त पूंजी और कमाई की संभावनाएं नहीं हैं। ऐसे में यह बैंकिंग विनियमन अधिनियम 1949 की धारा 56 के साथ-साथ धारा 11( 1)और धारा 22 (3) (डी) के प्रावधानों का उल्लंघन करता है।
आरबीआई ने बैंक को बताया जमाकर्ताओं के लिए हानिकारक
आरबीआई के मुताबिक बैंक का बने रहना जमाकर्ताओं के हित के लिए हानिकारक। वर्तमान वित्तीय स्थिति के साथ यह बैंक अपने जमाकर्ताओं को पुनर्भुगतान करने में असमर्थ है। यदि इसे आगे कारोबार रखने की अनुमति दी जाती है तो यह सार्वजनिक हित पर प्रतिकूल प्रभाव डालेगा।
ग्राहकों पर भी पड़ेगा असर
ग्राहक जमाकर्ता जमा बीमा और क्रेडिट गारंटी निगम (DICGC) प्रावधानों के तहत प्रत्येक जमा कर्ता 5 लाख रुपये की मौद्रिक सीमा तक अपनी जमा राशि की जमा बीमा का दावा राशि प्राप्त करने का हकदार होगा। बैंक द्वारा प्रस्तुत किए गए आंकड़ों के मुताबिक 99.13% जमाकर्ता DICGC से अपनी जमा राशि की पूरी राशि प्राप्त करने के हकदार हैं।

