एक्शन मोड में RBI, उठाया सख्त कदम, इन 4 बैंकों पर लगाया भारी जुर्माना, पढ़ें पूरी खबर

rbi action

RBI Imposed Monetary Penalty: रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने एक बार फिर चार बैंकों के खिलाफ सख्त कदम उठाया है। नियमों का उल्लंघन करने पर चार सहकारी बैंकों पर मौद्रिक जुर्माना लगाया है। इस लिस्ट में तीन बैंक महाराष्ट्र और एक बैंक बिहार के शामिल हैं। इस बात की जानकारी आरबीआई ने 10 अगस्त यानि आज प्रेस विज्ञप्ति के जरिए दी है।

महाराष्ट्र के इन बैंकों पर लगाया गया जुर्माना

महाराष्ट्र के तीनों पर समान कारणों को लेकर जुर्माना लगाया है। ये बैंक “जमा खातों के रखरखाव” और केवाईसी के जुड़े निर्देशों का पालन करने में विफल रहें, जो आरबीआई द्वारा जारी किया गया है। मंगल को-ऑपरेटिव बैंक (मुंबई) पर एक लाख की पेनल्टी लगाई गई है। वहीं द महाबलेश्वर अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक और द इस्लामपुर को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर 2-2 लाख रुपये का मौद्रिक जुर्माना लगाया गया है।

पटना के इस बैंक पर लगा जुर्माना

केन्द्रीय बैंक ने बिहार की राजधानी पटना में स्थित द तापिंदु अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। “एक्सपॉजर नॉर्म्स और वैधानिक/अन्य प्रतिबंध यूसीब”पर आरबीआई द्वारा जारी किए गए निर्देश का पालन करने में बैंक विफल हुआ। बता दें कि रिजर्व बैंक ने सभी बैंकों पर बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट, 1949 के सेक्शन 47A (1)(C), सेक्शन 56 और सेक्शन 46 (4)(i) के तहत कार्यवाही की है।

क्या ग्राहकों पर भी पड़ेगा असर?

सेंट्रल बैंक ने यह भी स्पष्ट किया है कि बैंकों पर जुर्माना कमियों को देखते हुए लगाया गया है। ग्रहक और बैंक के बीच हो रहे लेनदेन पर कोई असर नहीं पड़ेगा।

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews